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कृष्णकांत

अंग्रेज़ों से माफ़ी मांगने वाले सावरकर ‘वीर’ कैसे हो गए?

सावरकर ने अंग्रेज़ों को सौंपे अपने माफ़ीनामे में लिखा था, ‘अगर सरकार अपनी असीम भलमनसाहत और दयालुता में मुझे रिहा करती है, मैं यक़ीन दिलाता हूं कि मैं संविधानवादी विकास का सबसे कट्टर समर्थक रहूंगा और अंग्रेज़ी सरकार के प्रति वफ़ादार रहूंगा.’

सरदार पटेल ने ‘हिंदू राज’ के विचार को ‘पागलपन’ कहा था

मोदी अगर सरदार पटेल को अपना नेता मानते हैं तो फिर उन्हें पटेल की धर्मनिरपेक्ष प्रतिबद्धता पर अमल करते हुए हिंदू राष्ट्र के लिए हथियार उठाने का आह्वान करने वाले सिरफिरे पर कार्रवाई करनी चाहिए.

भला हो मणिशंकर अय्यर का कि मोदी को चुनावी मुद्दा मिल गया

मणिशंकर अय्यर के बयान से प्रधानमंत्री इतने आहत हो गए कि इसी पर वोट मांगने लगे. साथ भी यह भी पूछ डाला कि क्या मणिशंकर अय्यर पाकिस्तान उनकी सुपारी देने गए थे?

‘ये विद्रोही भी क्या तगड़ा कवि था!’

पुण्यतिथि विशेष: विद्रोही अभी ज़िंदा हैं. सारे बड़े-बड़े लोग पहले मर लेंगे, सारे तानाशाह और ज़ुल्मी मर जाएंगे, उसके बाद विद्रोही मरेंगे आराम से, वसंत ऋतु में.

गुजरात चुनाव प्रचार के दौरान जिग्नेश मेवाणी पर 24 घंटे में चौथी बार हमला

कुछ लोगों ने लाठी डंडे से हमला करके जिग्नेश की गाड़ी का कांच क्षतिग्रस्त किया. मेवाणी ने सत्तारूढ़ भाजपा पर लगाया आरोप.

मोदी की भाजपा में भी कई ‘मुग़ल-वंश’ फल-फूल रहे हैं

भाजपा के स्टार प्रचारक नरेंद्र मोदी क्या वाकई वंशवाद के ख़िलाफ़ हैं? अगर हां, तो उनकी पार्टी में इतने परिवारों को जगह कैसे मिली हुई है?

गांधी के चंपारण सत्याग्रह के शताब्दी वर्ष तक भारत किसानों का क़ब्रगाह बन गया है

देश भर के किसान एकजुट होकर लड़ रहे हैं तो दूसरी ओर पूरे देश में किसान आत्महत्याएं भी जारी हैं. महाराष्ट्र में क़र्ज़ माफ़ी के बाद 5 महीने में 1,020 किसान आत्महत्या कर चुके हैं.

दिल्ली के संसद मार्ग पर देश भर के 184 किसान संगठनों की ओर से दो दिवसीय किसान मुक्ति संसद लगाई गई. (फोटो: कृष्णकांत/द वायर)

‘अब एक भी किसान की कुर्की नहीं होने देंगे, हिम्मत है तो पहले अंबानी-अडानी-माल्या की कुर्की करो’

किसान संसद ने कहा, देश भर के 184 किसान संगठन बिना न्यूनतम समर्थन मूल्य के एक भी बोरा अनाज बिकने नहीं देंगे.

भाजपा नेता के हाथ काटने के बयान पर हज़ारों किसानों ने तानीं मुट्ठियां

किसान मुक्ति संसद में उठा सवाल, मोदी जी! आपने किसानों के साथ वादाख़िलाफ़ी क्यों की? हम सब उंगली उठाकर सवाल पूछेंगे, हम देखना चाहते हैं ​कि कितने हाथ काटोगे?’

देश में पहली बार महिलाओं की संसद, किसानों ने कहा- अब मोदी के जुमले नहीं चलेंगे

देश भर के 184 किसान संगठनों की किसान मुक्ति संसद में कृषि क़र्ज़ से पूर्ण मुक्ति और कृषि उत्पाद के लाभकारी मूल्य को लेकर दो विधेयकों के मसौदे पारित.

‘जिनको चुना है वो हमारी बात नहीं सुनेंगे तो हमें अपनी संसद चलानी पड़ेगी’

वीडियो: दिल्ली के जंतर मंतर पर 184 किसान संगठनों ने मिलकर लगाई किसान मुक्ति संसद. कहा- सरकार को हमारी बात सुननी पड़ेगी.

नोटबंदी पर जश्न का दिन भी किसानों के लिए मौत का दिन था

मध्य प्रदेश में दो, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़ और पंजाब में एक-एक किसानों ने की आत्महत्या, महाराष्ट्र में जनवरी से लेकर अक्टूबर तक 2,414 किसानों ने आत्महत्या की.

ताजमहल से नफ़रत ऐसे बर्बर युग में ले जाएगी जहां से हम बहुत पहले निकल चुके हैं

ताजमहल को कलंक बताने वालों को समझ नहीं आता कि इतिहास के 800 साल हटाने पर हिंदुस्तान में जो बचेगा, वह अखंड नहीं बल्कि खंडित भारत होगा.

‘सरकार ने नर्मदा घाटी के साथ बहुत बुरा किया, जनता का राज है और जनता को ही खतम ​कर दिया’

ग्राउंड रिपोर्ट: मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले में सरदार सरोवर बांध के डूब में समा रहे भादल गांव के एक बुजुर्ग आदिवासी पुस्लिया पटेल की व्यथा.