Pranab Mukherjee

पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी का निधन

पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी बीते 10 अगस्त को कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए थे. नई दिल्ली में सेना के आरआर अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था. वह 84 वर्ष के थे.

कोरोना वायरस: केंद्रीय आयुष मंत्री श्रीपद नाइक संक्रमित पाए गए

कोरोना वायरस से संक्रमित पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के निधन की अफवाह फैलने के बाद नई दिल्ली स्थित सेना के आर एंड आर अस्पताल ने एक बयान जारी कर कहा गया है कि वह कोमा जैसी स्थितियों में हैं. उनके शरीर के सभी महत्वपूर्ण तंत्र स्थिर हैं. उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है.

देश के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी कोरोना संक्रमित

देश के पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने सोमवार को ट्वीट कर एक सप्ताह उनके संपर्क में आए लोगों से ख़ुद को आइसोलेट करने कोरोना जांच कराने का आग्रह किया है.

New Delhi: President Ram Nath Kovind confers Bharat Ratna upon former president Pranab Mukherjee during a ceremony at Rashtrapati Bhavan, in New Delhi, Thursday, Aug 8, 2019. (PTI Photo/Kamal Singh) (PTI8_8_2019_000132B)

प्रणब मुखर्जी, नानाजी देशमुख और भूपेन हज़ारिका भारत रत्न से सम्मानित

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने राष्ट्रपति भवन में आयोजित एक समारोह में प्रणब मुखर्जी, भूपेन हजारिका के बेटे तेज़ हज़ारिका और नानाजी देशमुख के क़रीबी रिश्तेदार वीरेंद्रजीत सिंह को यह पुरस्कार प्रदान किया.

Ranchi: Chief Election Commissioner Sunil Arora after a review meeting with Jharkhand police officers and deputy commissioners to review the preparations for the upcoming Lok Sabha elections, in Ranchi, Wednesday, Jan. 30, 2019. (PTI Photo)(PTI1_30_2019_000125B)

मुख्य चुनाव आयुक्त ने चुनाव आयोग के लिए अधिक स्वायत्तता की मांग की

मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरोड़ा ने सरकार के नियंत्रण से पूरी आज़ादी की मांग करते हुए दो अन्य चुनाव आयुक्तों को भी संवैधानिक संरक्षण देने और वित्तीय स्वंतत्रता की मांग रखी.

राजनीतिक इच्छाशक्ति की कमी के चलते चुनाव सुधार लंबित: पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त

पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एस वाई कुरैशी द ग्रेट मार्च ऑफ डेमोक्रेसी: सेवेन डेकेड्स ऑफ इंडियाज इलेक्शंस की प्रस्तावन में कहा कि जितने भी चुनावी सुधार हुए हैं, वे सभी न्यायपालिका के हस्तक्षेप से हुए हैं.

प्रणब मुखर्जी, संघ विचारक नानाजी देशमुख, संगीतकार भूपेन हज़ारिका को भारत रत्न

संघ विचारक नानाजी देशमुख और संगीतकार भूपेन हज़ारिका को मरणोपरांत यह सम्मान दिया जाएगा. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दी बधाई.

देश की आर्थिक वृद्धि दर से संतुष्ट नहीं, अर्थव्यवस्था को और प्रगति करनी चाहिए: प्रणब मुखर्जी

बेंगलुरु में एक स्कूली कार्यक्रम में बोलते हुए पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने कहा कि पूर्व वित्त मंत्री होने के नाते मुझे लगता है कि भारतीय अर्थव्यवस्था 5-6 हज़ार अरब डॉलर की होनी चाहिए.

Nagpur: Former president Pranab Mukherjee with Rashtriya Swayamsevak Sangh (RSS) chief Mohan Bhagwat at the closing ceremony of ‘Tritiya Varsha Sangh Shiksha Varg’, an (RSS) event to mark the conclusion of a three-year training camp for Swayamsevaks, in Nagpur on Thursday, June 07, 2018. (PTI Photo)(PTI6_7_2018_000165B)

प्रणब मुखर्जी के भाषण के बाद संघ से जुड़ने में लोगों की रुचि बढ़ी: संघ नेता

बिप्लब रॉय ने कहा कि एक से छह जून के बीच संघ से जुड़ने के लिए वेबसाइट पर रोजाना औसतन 378 अनुरोध आते थे. सात जून के मुखर्जी के संबोधन के बाद से हमें रोजाना 1,200-1,300 अनुरोध मिल रहे

बोस के पोते बोले: नेहरू से मोदी तक किसी ने नहीं की नेताजी के अवशेष भारत लाने की कोशिश

स्वतंत्रता सेनानी सुभाषचंद्र बोस के पोते आशीष रे ने कहा कि 1995 में प्रधानमंत्री पीवी नरसिम्हा राव और विदेश मंत्री प्रणब मुखर्जी ने अवशेष लाने की एक कोशिश की थी , लेकिन वे काम पूरा नहीं कर पाए.

अगर हेडगेवार भारत माता के महान सपूत हैं तो आज़ादी की लड़ाई के नायक क्या हैं?

प्रणब दा आप नागपुर में संघ को यह नहीं बता पाए कि नेहरू की भारत माता और हेडगेवार की भारत माता में ज़मीन-आसमान का फ़र्क़ है. इसीलिए आप यह फ़र्क़ करने में भी चूक गए कि भारत माता के महान सपूत होने की बुनियादी कसौटी क्या है.

मीडिया बोल, एपिसोड 53: प्रणब मुखर्जी का नागपुर दौरा और मीडिया

मीडिया बोल की 53वीं कड़ी में उर्मिलेश पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के नागपुर में संघ के कार्यक्रम में शामिल होने पर वरिष्ठ पत्रकार आरती जेरथ और वरिष्ठ पत्रकार रशीद किदवई से चर्चा कर रहे हैं.

‘भारत की राष्ट्रीयता किसी एक भाषा या एक धर्म पर आधारित नहीं है’

7 जून 2018 को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नागपुर मुख्यालय पर हुए समारोह में पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी द्वारा दिया गया पूरा भाषण.

50 साल कांग्रेस में रहे व्यक्ति ने संघ मुख्यालय पर माथा टेक दिया: ओवैसी

प्रणब मुखर्जी के संघ मुख्यालय जाने पर एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि जिन्होंने महात्मा गांधी के क़त्ल पर जश्न मनाया था, वह उनके दफ़्तर जाकर बहुलतावाद की बात करते हैं, किसको बेवकूफ बना रहे हैं वो.

असहिष्णुता को लेकर बतौर राष्ट्रपति चंद नसीहत भरे भाषण के अलावा प्रणब ने क्या किया था?

अगर देश के संविधान का मूल स्तंभ सहिष्णुता और धर्म-निरपेक्षता है, तो फिर मोदी सरकार के शुरुआती तीन साल तक संविधान के मुखिया के पद पर बैठकर प्रणब मुखर्जी ने क्या किया?