कोविड-19

देश में एक दिन में कोविड-19 के 2,82,970 नए मामले, 441 लोगों की जान गई

भारत में अब तक कोविड के ओमीक्रॉन वैरिएंट के 8,961मामले आए हैं. विशेषज्ञों के अनुसार, हर संक्रमित के नमूनों की जीनोम सीक्वेंसिंग मुमकिन नहीं है, पर मौजूदा लहर में अधिकतर मामले इसी स्वरूप के ही हैं. विश्व में संक्रमण के 33.41 करोड़ से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं और 55.54 लाख से अधिक लोग जान गंवा चुके हैं.

(फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: भारत में एक दिन में कोविड-19 के 2,82,970 नए मामले सामने आने के बाद देश में संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 3,79,01,241 हो गई. संक्रमण के कुल मामलों में कोरोना वायरस के ‘ओमीक्रॉन’ स्वरूप के 8,961 मामले भी शामिल हैं.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से बुधवार को सुबह आठ बजे जारी किए गए अपडेटेड आंकड़ों के अनुसार, देश में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या बढ़कर 18,31,000 हो गई है, जो कुल मामलों का 4.83 प्रतिशत है.

देश में 232 दिन में उपचाराधीन मरीजों की यह संख्या सर्वाधिक है. पिछले साल 31 मई को उपचाराधीन मरीजों की संख्या 18,95,520 थी. पिछले 24 घंटों में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या में 44,952 की वृद्धि दर्ज की गई.

वहीं, 441 और लोगों की संक्रमण से मौत के बाद मृतक संख्या बढ़कर 4,87,202 हो गई. देश में मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर घटकर 93.88 प्रतिशत हो गई है.

अमेरिका की जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार, पूरी दुनिया में कोरोना वायरस संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 33,41,82,348 हो गए हैं और अब तक 55,54,986 लोगों की जान जा चुकी है.

मंत्रालय ने बताया कि देश में मंगलवार से ‘ओमीक्रॉन’ स्वरूप के मामलों में 0.79 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है.

विशेषज्ञों के अनुसार, हरेक संक्रमित के नमूनों का जीनोम अनुक्रमण (सीक्वेंसिंग) मुमकिन नहीं है, लेकिन इस मौजूदा लहर में अधिकतर मामले ‘ओमीक्रॉन’ स्वरूप के ही हैं.

अपडेटेडआंकड़ों के अनुसार, संक्रमण की दैनिक दर 15.13 प्रतिशत और साप्ताहिक दर 15.53 प्रतिशत दर्ज की गई. देश में अभी तक कुल 3,55,83,039 लोग संक्रमणमुक्त हो चुके हैं और कोविड-19 से मृत्यु दर 1.29 प्रतिशत है.

राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान के तहत अभी तक कोविड-19 रोधी टीकों की 158.88 करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी हैं.

मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, देश में पिछले 24 घंटे में संक्रमण से मौत के जो 441 मामले सामने आए हैं, उनमें से केरल में 122, महाराष्ट्र में 53 और पश्चिम बंगाल में 34 मामले सामने आए.

आंकड़ों के अनुसार, देश में संक्रमण से अभी तक कुल 4,87,202 लोगों की मौत हुई है, जिनमें से महाराष्ट्र के 1,41,885 लोग, केरल के 51,026 लोग, कर्नाटक के 38,465 लोग, तमिलनाडु के 37,038 लोग, दिल्ली के 25,425 लोग, उत्तर प्रदेश के 22,984 लोग और पश्चिम बंगाल के 20,155 लोग थे.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अभी तक जिन लोगों की कोरोना वायरस संक्रमण से मौत हुई है, उनमें से 70 प्रतिशत से ज्यादा मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं.

आंकड़ों के मुताबिक, देश में 110 दिन में कोविड-19 के मामले एक लाख हुए थे और 59 दिनों में वह 10 लाख के पार चले गए थे.

भारत में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामलों की संख्या 10 लाख से 20 लाख (7 अगस्त 2020 को) तक पहुंचने में 21 दिनों का समय लगा था, जबकि 20 से 30 लाख (23 अगस्त 2020) की संख्या होने में 16 और दिन लगे. हालांकि 30 लाख से 40 लाख (5 सितंबर 2020) तक पहुंचने में मात्र 13 दिनों का समय लगा है.

वहीं, 40 लाख के बाद 50 लाख (16 सितंबर 2020) की संख्या को पार करने में केवल 11 दिन लगे. मामलों की संख्या 50 लाख से 60 लाख (28 सितंबर 2020 को) होने में 12 दिन लगे थे. इसे 60 से 70 लाख (11 अक्टूबर 2020) होने में 13 दिन लगे. 70 से 80 लाख (29 अक्टूबर को 2020) होने में 19 दिन लगे और 80 से 90 लाख (20 नवंबर 2020 को) होने में 13 दिन लगे. 90 लाख से एक करोड़ (19 दिसंबर 2020 को) होने में 29 दिन लगे थे.

इसके 107 दिन बाद यानी पांच अप्रैल 2021 को मामले सवा करोड़ से अधिक हो गए, लेकिन संक्रमण के मामले डेढ़ करोड़ से अधिक होने में महज 15 दिन (19 अप्रैल 2021) का वक्त लगा और फिर सिर्फ 15 दिनों बाद चार मई 2021 को गंभीर स्थिति में पहुंचते हुए आंकड़ा 1.5 करोड़ से दो करोड़ के पार चला गया. चार मई 2021 के बाद करीब 50 दिनों में 23 जून 2021 को संक्रमण के मामले तीन करोड़ से पार चले गए थे.

वायरस के मामले और मौतें

जनवरी महीने में कोविड 19 संक्रमण की बात करें तो एक दिन या 24 घंटे में बीते 18 जनवरी को 2,38,018, 17 जनवरी को 2,58,089, 16 जनवरी को 2,71,202, 15 जनवरी को 2,68,833, 14 जनवरी को 2,64,202, 13 जनवरी को 2,47,417, 12 जनवरी को 1,94,720, 11 जनवरी को 1,68,063, 10 जनवरी को 1,79,723, नौ जनवरी को 1,59,632, आठ जनवरी को 1,41,986, सात जनवरी को 1,17,100, छह जनवरी को 90,928, पांच जनवरी को 58,097, चार जनवरी को 37,379, तीन जनवरी को 33,750, दो जनवरी को 27,553 और एक जनवरी को 22,775 नए मामले दर्ज किए गए थे.

इस महीने में पिछले 24 घंटे में जान गंवाने वाले लोगों की बात करें तो बीते 18 जनवरी को 310, 17 जनवरी को 385, 16 जनवरी को 314, 15 जनवरी को 402, 14 जनवरी को 315, 13 जनवरी को 380, 12 जनवरी को 442, 11 जनवरी को 277, 10 जनवरी को 146, नौ जनवरी को 327, आठ जनवरी को 285, सात जनवरी को 302, छह जनवरी को 325, पांच जनवरी को 534, चार जनवरी को 124, तीन जनवरी को 123, दो जनवरी को 284 और एक जनवरी को 406 लोगों की मौत हुई थी.

बीते साल का मई रहा है सबसे घातक महीना

भारत में अकेले मई 2021 में कोविड-19 की दूसरी लहर के दौरान कोरोना वायरस के 92,87,158 से अधिक मामले सामने आए थे, जो एक महीने में दर्ज किए गए संक्रमण के सर्वाधिक मामले हैं.

इसके अलावा मई 2021 इस बीमारी के चलते 1,20,833 लोगों की जान भी गई थी. इतने मामले और इतनी संख्या में मौतें किसी अन्य महीने में नहीं दर्ज की गई हैं. इस तरह यह महीना इस महामारी के दौरान सबसे खराब और घातक महीना रहा था.

सात मई 2021 को 24 घंटे में अब तक कोविड-19 के सर्वाधिक 4,14,188 मामले सामने आए थे और 19 मई 2021 को सबसे अधिक 4,529 मरीजों ने अपनी जान गंवाई थी.

रोजाना नए मामले 17 मई से 24 मई 2021 तक तीन लाख से नीचे रहे और फिर 25 मई से 31 मई 2021 तक दो लाख से नीचे रहे थे. देश में 10 मई 2021 को सर्वाधिक 3,745,237 मरीज उपचाररत थे.

कोविड-19: साल 2021 में किस महीने-कितने केस दर्ज हुए जानने के लिए यहां क्लिक करें.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)