कोविड-19

बीते एक दिन में कोविड-19 संक्रमण 4,270 के नए मामले दर्ज और 15 रोगियों की मौत

भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले बढ़कर 4,31,76,817 हो गए हैं और मृतक संख्या 5,24,692 है. विश्व में संक्रमण के 53.17 करोड़ से अधिक मामले सामने आए हैं और अब तक 62.98 लाख से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है.

(फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली: भारत में एक दिन में कोरोना वायरस के 4,270 नए मामले सामने आने के बाद संक्रमण के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 4,31,76,817 हो गई है. इसके साथ ही दैनिक संक्रमण दर 34 दिन बाद एक प्रतिशत से अधिक दर्ज की गई.

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से रविवार सुबह आठ बजे जारी अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, देश में उपचाराधीन मरीजों यानी सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 24,052 हो गए तथा संक्रमण से पिछले 24 घंटों में 15 और लोगों की मौत होने से मृतक संख्या बढ़कर 5,24,692 हो गई है.

अमेरिका की जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी के आंकड़ों के मुताबिक, पूरी दुनिया में कोरोना वायरस संक्रमण के कुल मामले बढ़कर 53,17,08,276 हो गए हैं और इस संक्रमण के चलते दुनियाभर में अब तक 62,98,374 लोगों की मौत हो चुकी है.

आंकड़ों के मुताबिक, देश में कोविड-19 के उपचाराधीन मरीजों की संख्या कुल मामलों का 0.06 प्रतिशत है. वहीं, मरीजों के ठीक होने की राष्ट्रीय दर 98.73 प्रतिशत है.

पिछले 24 घंटे में उपचाराधीन मरीजों की संख्या में 1,636 की बढ़ोतरी दर्ज की गई.

अद्यतन आंकड़ों के अनुसार, दैनिक संक्रमण दर 1.03 प्रतिशत, जबकि साप्ताहिक संक्रमण दर 0.84 प्रतिशत है. इससे पहले एक मई को दैनिक संक्रमण दर 1.07 प्रतिशत दर्ज की गई थी.

देश में अभी तक कुल 4,26,28,073 लोग संक्रमणमुक्त हो चुके हैं और कोविड-19 से मृत्यु दर 1.22 प्रतिशत है.

आंकड़ों के मुताबिक, राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान के तहत देशभर में अभी तक कोविड-19 रोधी टीकों की 194.09 करोड़ से अधिक खुराक दी जा चुकी हैं.

पिछले 24 घंटों में संक्रमण से जिन 15 लोगों ने जान गंवाई है, उनमें से 13 मरीज केरल से थे और एक-एक मरीज महाराष्ट्र तथा मध्य प्रदेश से था.

देश में अब तक संक्रमण से 5,24,692 मरीजों की मौत हुई है, जिनमें महाराष्ट्र के 1,47,865, केरल के 69,786, कर्नाटक के 40,107, तमिलनाडु के 38,025, दिल्ली के 26,212, उत्तर प्रदेश के 23,520 और पश्चिम बंगाल के 21,204 मरीज शामिल थे.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि अब तक जिन लोगों की कोरोना वायरस संक्रमण से मौत हुई है, उनमें से 70 प्रतिशत से अधिक मरीजों को अन्य बीमारियां भी थीं.

आंकड़ों के मुताबिक, देश में 110 दिन में कोविड-19 के मामले एक लाख हुए थे और 59 दिनों में वह 10 लाख के पार चले गए थे.

भारत में कोविड-19 संक्रमण के कुल मामलों की संख्या 10 लाख से 20 लाख (7 अगस्त 2020 को) तक पहुंचने में 21 दिनों का समय लगा था, जबकि 20 से 30 लाख (23 अगस्त 2020) की संख्या होने में 16 और दिन लगे. हालांकि 30 लाख से 40 लाख (5 सितंबर 2020) तक पहुंचने में मात्र 13 दिनों का समय लगा है.

वहीं, 40 लाख के बाद 50 लाख (16 सितंबर 2020) की संख्या को पार करने में केवल 11 दिन लगे. मामलों की संख्या 50 लाख से 60 लाख (28 सितंबर 2020 को) होने में 12 दिन लगे थे. इसे 60 से 70 लाख (11 अक्टूबर 2020) होने में 13 दिन लगे. 70 से 80 लाख (29 अक्टूबर को 2020) होने में 19 दिन लगे और 80 से 90 लाख (20 नवंबर 2020 को) होने में 13 दिन लगे. 90 लाख से एक करोड़ (19 दिसंबर 2020 को) होने में 29 दिन लगे थे.

इसके 107 दिन बाद यानी पांच अप्रैल 2021 को मामले सवा करोड़ से अधिक हो गए, लेकिन संक्रमण के मामले डेढ़ करोड़ से अधिक होने में महज 15 दिन (19 अप्रैल 2021) का वक्त लगा और फिर सिर्फ 15 दिनों बाद चार मई 2021 को गंभीर स्थिति में पहुंचते हुए आंकड़ा 1.5 करोड़ से दो करोड़ के पार चला गया.

चार मई 2021 के बाद करीब 50 दिनों में 23 जून 2021 को संक्रमण के मामले तीन करोड़ से पार चले गए थे. इसके बाद तकरीबन नौ महीने बाद 26 जनवरी 2022 को कुल मामलों की संख्या चार करोड़ के पार हो गए हैं.

वायरस के मामले और मौतें

जून महीने में कोविड-19 संक्रमण की बात करें तो एक दिन या 24 घंटे में बीते चार जून को 3,962, तीन जून को 4,041, दो जून को 3,712 और एक जून को 2,745 नए मामले दर्ज किए गए थे.

इस महीने में एक दिन या 24 घंटे में बीते चार जून को 26, तीन जून को 10, दो जून को पांच और एक जून को छह लोगों की जान गई थी.

मई महीने में एक दिन या 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के सर्वाधिक 3,805 नए मामले सात मई को दर्ज किए गए थे और इस दौरान सबसे अधिक 65 मौतें 22 मई को दर्ज की गई थीं.

अप्रैल महीने में एक दिन या 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण के सर्वाधिक 3,688 नए मामले 30 अप्रैल को दर्ज किए गए थे और इस दौरान सबसे अधिक 1,399 (असम और केरल में आंकड़ों में संशोधन के बाद) मौतें 26 अप्रैल को दर्ज की गई थीं.

मार्च के महीने में एक दिन या 24 घंटे में कोविड-19 संक्रमण के सर्वाधिक 7,554 नए मामले दो मार्च को आए थे और इस दौरान सबसे अधिक 4,100 (महाराष्ट्र और केरल के आंकड़ों में संशोधन के साथ) मौतें 26 मार्च को दर्ज की गई थीं.

फरवरी महीने में कोविड-19 संक्रमण के एक दिन या 24 घंटे में सर्वाधिक 1,72,433 मामले तीन फरवरी को रिकॉर्ड किए गए और इस अवधि में सबसे अधिक 1,733 लोगों की मौत दो फरवरी को हुई थीं.

इस साल जनवरी महीने की बात करें तो बीते एक दिन या 24 घंटे के दौरान कोविड-19 संक्रमण के सर्वाधिक 3,89,03,731 मामले 22 जनवरी को दर्ज किए गए थे और इस अवधि सबसे अधिक 959 मौतें 30 जनवरी को हुई थीं.

मई 2021 रहा है सबसे घातक महीना

भारत में अकेले मई 2021 में कोविड-19 की दूसरी लहर के दौरान कोरोना वायरस के 92,87,158 से अधिक मामले सामने आए थे, जो एक महीने में दर्ज किए गए संक्रमण के सर्वाधिक मामले हैं.

इसके अलावा मई 2021 इस बीमारी के चलते 1,20,833 लोगों की जान भी गई थी. इतने मामले और इतनी संख्या में मौतें किसी अन्य महीने में नहीं दर्ज की गई हैं. इस तरह यह महीना इस महामारी के दौरान सबसे खराब और घातक महीना रहा था.

सात मई 2021 को 24 घंटे में अब तक कोविड-19 के सर्वाधिक 4,14,188 मामले सामने आए थे और 19 मई 2021 को सबसे अधिक 4,529 मरीजों ने अपनी जान गंवाई थी.

रोजाना नए मामले 17 मई से 24 मई 2021 तक तीन लाख से नीचे रहे और फिर 25 मई से 31 मई 2021 तक दो लाख से नीचे रहे थे. देश में 10 मई 2021 को सर्वाधिक 3,745,237 मरीज उपचाररत थे.

कोविड-19: साल 2021 में किस महीने-कितने केस दर्ज हुए जानने के लिए यहां क्लिक करें.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)