नई दिल्ली: संसद में सरकार द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों से पता चलता है कि देश के तेल उत्पादक राज्यों में उपभोक्ता प्रति लीटर पेट्रोल की सबसे ज़्यादा कीमत चुका रहे हैं.
रिपोर्ट के मुताबिक, इन राज्यों में गुजरात ने अपने उपभोक्ताओं को सबसे कम 94.70 रुपये प्रति लीटर की कीमत पर पेट्रोल उपलब्ध कराया है.
मालूम हो कि पेट्रोल और डीज़ल की कीमतों में बढ़ोतरी पर गुजरात से कांग्रेस सांसद गेनीबेन नागाजीभाई ठाकोर द्वारा पूछे गए एक लिखित सवाल के जवाब में पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने 21 अगस्त को लोकसभा में अपने लिखित उत्तर में जनवरी 2025 तक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की राजधानियों में प्रति लीटर पेट्रोल की कीमतों का विवरण दिया.
इन आंकड़ों से पता चलता है कि तटीय तेल उत्पादक राज्यों – गुजरात, असम और राजस्थान की राजधानियों में वर्तमान समय में प्रति लीटर पेट्रोल की कीमतें क्रमशः 94.70 रुपये, 98.19 रुपये और 104.72 रुपये है.
वहीं, अपतटीय (off-shore) तेल उत्पादक राज्यों की राजधानी, जैसे तमिलनाडु के चेन्नई में वर्तमान में एक लीटर पेट्रोल 100.80 रुपये में बिक रहा है, जबकि आंध्र प्रदेश के अमरावती में इसकी कीमत 100.75 रुपये प्रति लीटर है.
अपतटीय तेल उत्पादक राज्य महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में पेट्रोल 103.50 रुपये में बिक रहा है.
पेट्रोल/कच्चा तेल संघ सूची में शामिल है
उल्लेखनीय है कि संविधान की 7वीं अनुसूची के अनुसार, पेट्रोल/कच्चा तेल संघ सूची में शामिल है, जिस पर केवल केंद्र सरकार (संसद) को कानून बनाने का विशेष अधिकार है. फिर भी असम जैसे राज्यों में विभिन्न संगठनों द्वारा ईंधन की कीमतें कम करने की मांग की जा रही है, क्योंकि ये यह एक तेल उत्पादक राज्य है.
इस संबंध में जून 2024 में संसदीय चुनाव परिणामों की घोषणा के ठीक एक दिन बाद पूर्वोत्तर राज्य में ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी के खिलाफ बढ़ते विरोध को लेकर मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने मंहगाई का बचाव करते हुए तर्क दिया था कि असम के लोग विपक्षी शासित पड़ोसी राज्य पश्चिम बंगाल की तुलना में 7 रुपये कम भुगतान कर रहे हैं. हालांकि, बंगाल कच्चे तेल का उत्पादन नहीं करता है.
शर्मा ने तब यह भी कहा था, ‘हमने लोकसभा चुनाव से पहले पेट्रोल और डीज़ल की कीमतों में 3 रुपये प्रति लीटर की कमी की थी. हालांकि, बाढ़ और राज्यव्यापी अन्य समस्याओं के कारण हमें कीमतों में 1 रुपये की वृद्धि करने पर मजबूर होना पड़ा है.’
हालांकि, वार्षिक बाढ़ के कम होने के बाद भी कीमतें कम नहीं की गईं.
रांची में सबसे सस्ता पेट्रोल
पुणे में उपभोक्ता वर्तमान में पेट्रोल के लिए सबसे ज़्यादा 109.74 रुपये प्रति लीटर चुका रहे हैं, जबकि रांची में सबसे कम 82.46 रुपये प्रति लीटर चुकाना पड़ रहा है.
पुणे में उपभोक्ता देश में डीज़ल के लिए सबसे ज़्यादा कीमत चुका रहे हैं, जबकि ईटानगर में सबसे कम 80.41 रुपये प्रति लीटर डीज़ल चुकाना पड़ रहा है.
ईंधन की कीमतें खासकर डीज़ल की सीधे तौर पर खाद्य पदार्थों सहित आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में वृद्धि से जुड़ी हैं.
इस संबंध में मंत्रालय ने अपने जवाब में कहा है, ‘पेट्रोल, डीज़ल और रसोई गैस की कीमतों में वृद्धि/कमी का आकलन थोक मूल्य सूचकांक (डब्लूपीआई) द्वारा मापी गई मुद्रास्फीति पर उनके प्रभाव के माध्यम से किया जा सकता है.’
मंत्रालय ने आगे कहा, ‘डब्लूपीआई सूचकांक में पेट्रोल और डीज़ल का भारांश क्रमशः 1.60% और 3.10% है.’
गौरतलब है कि तेल उत्पादक राज्यों की राजधानी में अमरावती में डीजल की प्रति लीटर कीमत सबसे कम 87.06 रुपये है. इसके बाद गुवाहाटी में 89.42 रुपये, फिर मुंबई में 90.03 रुपये, जयपुर में 90.21 रुपये, गांधीनगर में 90.38 रुपये और चेन्नई में 92.39 रुपये है.
