नई दिल्ली: चुनाव आयोग ने बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के लिए तारीखों का ऐलान कर दिया है. नवंबर 6 और 11 तारीख को वोट डाले जाएंगे. 14 नवंबर को मतों की गणना की जाएगी.
चुनाव आयोग ने विवादित विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद मतदाता सूची प्रकाशित करने के 6 दिनों बाद चुनाव की तारीखों की घोषणा की. दो चरणों में होने वाला यह चुनाव बिहार का अब तक का सबसे कम समय तक चलने वाला चुनाव होगा.
बिहार चुनावों को ‘सभी चुनावों की माता’ बताने वाले मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने सोमवार (6 अक्टूबर) को प्रेस कॉन्फ्रेंस में तारीखों का ऐलान किया.
घोषणा से पहले ही मीडिया में यह खबर चल रही थी कि चरणों की संख्या कम करने का निर्णय राजनीतिक दलों की राय को ध्यान में रखते हुए लिया गया है. इंडियन एक्सप्रेस ने सूत्रों के हवाले से लिखा कि सप्ताहांत में राजनीतिक दलों के साथ बैठक में सत्तारूढ़ एनडीए ने एक-चरणीय चुनाव की मांग की, जबकि विपक्षी दलों ने दो-चरणीय चुनाव की सिफारिश की थी.
ज्ञात हो कि बिहार में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद जारी की गई अंतिम मतदाता सूची में राज्य के मतदाताओं की संख्या करीब 6% घट गई है.
लेकिन रविवार (5 अक्टूबर) को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह स्पष्ट नहीं किया कि मतदाता सूची से करीब 47 लाख नाम हटाने के पीछे कारण क्या हैं या एसआईआर से कितने विदेशी ‘अवैध प्रवासी’ मिले.
उन्होंने कहा कि जिन नामों को सूची से हटाया गया है, उनमें गैर-भारतीय नागरिक, मृत व्यक्ति, एक से अधिक जगह पंजीकृत मतदाता और स्थायी रूप से स्थानांतरित हो चुके लोग शामिल हैं.
