प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने यह बयान महाराष्ट्र के अकोला में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए दिया. इससे एक दिन पहले ही महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए जारी अपने घोषणा-पत्र में भाजपा ने सावरकर को भारत रत्न से सम्मानित करने का वादा किया था.

अकोला: महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा द्वारा अपने घोषणापत्र में विनायक दामोदर सावरकर को भारत रत्न से सम्मानित करने का वादा करने के एक दिन बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कहा कि हिंदुत्व विचारक को भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से वंचित रखा गया.
इंडियन एक्सप्रेस के अनुसार, अकोला में एक रैली में बोलते हुए मोदी ने कहा कि सावरकर की शिक्षाओं के कारण राष्ट्रवाद राष्ट्र निर्माण के मूल में है. मोदी ने कहा, ‘सावरकर को भारत रत्न से वंचित रखा गया. यह सावरकर के संस्कार ही हैं कि हमने राष्ट्रवाद को राष्ट्र निर्माण के मूल में रखा है.’
ये वीर सावरकर के ही संस्कार हैं कि राष्ट्रवाद को हमने राष्ट्र निर्माण के मूल में रखा है।
वहीं दूसरी तरफ वो लोग हैं जिन्होंने बाबा साहेब का कदम-कदम पर अपमान किया, उन्हें दशकों तक भारत रत्न से दूर रखा।
ये वो लोग हैं जो वीर सावरकर का अपमान करते हैं: पीएम मोदी #ModifiedMaharashtra pic.twitter.com/2YJpUvTxjZ
— BJP (@BJP4India) October 16, 2019
विपक्ष पर हमला करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जिन लोगों ने अंबेडकर को भारत रत्न से वंचित किया वे वही लोग थे जिन्होंने सावरकर का हर अवसर पर सिर्फ अपमान किया.
उन्होंने जम्मू-कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा देने वाले संविधान के अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को निरस्त करने के मामले पर आपत्ति जताने को लेकर विपक्षी दलों को आड़े हाथों लेते हुए उन्हें ‘बेशर्म’ बताया.
मोदी ने कहा, ‘राजनीतिक लाभ के लिए कुछ लोग खुले तौर पर कह रहे हैं कि अनुच्छेद 370 का महाराष्ट्र विधानसभा चुनावों से कोई लेना-देना नहीं है, जम्मू कश्मीर का महाराष्ट्र से कोई लेना-देना नहीं है. मैं ऐसे लोगों को बताना चाहता हूं कि जम्मू कश्मीर और उसके लोग भी मां भारती के बेटे हैं.’
उन्होंने कहा, ‘विपक्ष यह कैसे पूछ सकता है कि अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधान हटाने से महाराष्ट्र का क्या लेना-देना है?’ उन्होंने कांग्रेस-राकांपा गठबंधन को भ्रष्ट गठबंधन करार देते हुए कहा कि वह महाराष्ट्र को एक दशक पीछे ले गया.’
बता दें कि, भाजपा ने मंगलवार को अपने चुनावी घोषणा पत्र में कहा था कि पार्टी यह सुनिश्चित करने का प्रयास करेगी कि महात्मा ज्योतिबा फुले, सावित्रीबाई फुले और वीडी सावरकर को भारत रत्न प्रदान किया जाए.
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा, ‘सावरकर एक महान क्रांतिकारी और स्वतंत्रता सेनानी थे, हमें ऐसे महान व्यक्तियों को संकीर्ण राजनीतिक चश्मे से क्यों देखना चाहिए. देश को एकजुट होने दें और अनुग्रहपूर्वक उस पुरस्कार को दें जिसके वे वास्तव में हकदार हैं.’
(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)