स्याह और अभेद धुंध: सुधा भारद्वाज का बंदी जीवन सुधा भारद्वाज अपनी जेल डायरी, ‘फाँसी यार्ड से’, में बतलाती हैं कि उस चारदीवारी के पीछे किस तरह का सामाजिक भेदभाव होता है, यंत्रणा की कितनी परतें मौजूद हैं, कैसे एक यंत्रणा दूसरी को गाढ़ा कर देती है. किताब का चयनित अंश. 22/11/2025