पुस्तक समीक्षा: अभिषेक चौधरी की 'बिलीवर्स डिलेमा: वाजपेयी एंड द हिंदू राइट्स पाथ टू पावर' बताती है कि अटल बिहारी वाजपेयी उदार राजनीति व लोकतांत्रिक आदर्शों में अडिग दिखना चाहते थे, पर उनकी पार्टी और उत्तराधिकारियों ने उन्हें बार-बार उस जगह धकेला जहां उनके शब्द खोखले पड़ते गए. इस द्वंद्व ने न केवल भाजपा की दिशा बदली बल्कि भारतीय राजनीति को भी हिंदुत्व की ओर झुका दिया.