Hijab Row

हिजाब विवाद: दो मुस्लिम छात्राओं ने कॉलेज से एनओसी, तो एक ने टीसी ली

कर्नाटक के मंगलुरु स्थित कॉलेज में हिजाब पर रोक का विरोध करने वाली दो मुस्लिम छात्राओं को अन्य कॉलेज में नामांकन के लिए अनापत्ति प्रमाण-पत्र (एनओसी) दिया गया है, जबकि एक को ट्रांसफर ​सर्टिफिकेट जारी किया गया है. तीन छात्राओं में से दो ने प्रेस वार्ता कर विश्वविद्यालय परिसर में यूनिफॉर्म नियम को सख़्ती से लागू करने के फैसले पर सवाल उठाया था.

कर्नाटक: छात्राओं ने उपायुक्त से कॉलेज परिसर में हिजाब पहनने की अनुमति मांगी

शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पहनने की बीते 28 मई को मांग करने वाली 12 छात्राएं फिर से सोमवार को भी यूनिवर्सिटी कॉलेज आईं, लेकिन अधिकारियों ने उनके प्रवेश पर रोक लगा दी. ज़िले के उपायुक्त ने कहा कि विश्वविद्यालय के सिंडिकेट ने हिजाब या भगवा स्कार्फ या ऐसा कोई कपड़ा जो शांति भंग कर सकता हो, उसकी अनुमति नहीं देने का फैसला किया है.

कर्नाटक: हिजाब पहनकर मैंगलोर विश्वविद्यालय पहुंचीं छात्राएं वापस भेजी गईं

हिजाब का मुद्दा फिर से सामने आने के बाद कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने जोर देकर कहा है कि सभी को हाईकोर्ट और सरकार के आदेशों का पालन करना चाहिए. इस मुद्दे के ख़त्म हो जाने का ज़िक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने छात्र-छात्राओं से ऐसे मुद्दों में पड़ने के बजाय शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करने को कहा.

‘हिंदू समाज को मुस्लिमों पर जारी हमले के ख़िलाफ़ आगे आकर बोलना चाहिए’

वीडियो: हिजाब, मांस और रामनवमी के नाम पर मुसलमानों पर लगातार हो रहे हमलों के ख़िलाफ़ बीते दिनों दिल्ली के जंतर मंतर पर छात्र, कलाकार, शिक्षक और विभिन्न वर्गों के आम नागरिक एकत्रित हुए. उन्होंने मुस्लिमों का समर्थन करने की अपील की.

कर्नाटक: हिजाब पर प्रतिबंध को चुनौती देने वालीं दोनों लड़कियां बिना परीक्षा दिए घर लौटीं

दोनों मुस्लिम छात्राओं की ओर से कहा गया है कि उन्हें हिजाब पहनकर परीक्षा देने की अनुमति दी जानी चाहिए, लेकिन कॉलेज के अधिकारियों ने कर्नाटक हाईकोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए उन्हें परीक्षा कक्ष में प्रवेश देने से इनकार कर दिया. इसके बाद दोनों घर लौट गईं.

कर्नाटक में सांप्रदायिक प्रतिरोध की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए: किरण मजूमदार शॉ

कर्नाटक में बढ़ रही सांप्रदायिक घटनाओं जैसे- हिजाब मुद्दा, हिंदू धर्म स्थलों पर मुसलमानों को व्यवसाय न करने देना या हलाल मीट विवाद, को देखते हुए बायोकॉन कंपनी की प्रमुख किरण मजूमदार शॉ ने मुख्यमंत्री से अपील की है कि वे धर्म के आधार पर विभाजन के मुद्दे का निपटारा करें. इस पर मुख्यमंत्री बोम्मई ने कहा है कि ऐसे मुद्दे पर सार्वजनिक मंच पर जाने से पहले हर किसी को संयम बरतना चाहिए.

कर्नाटक: हिजाब पहनी लड़कियों को 10वीं की परीक्षा में देने की अनुमति देने पर सात शिक्षक निलंबित

कर्नाटक के शिक्षा मंत्री बीसी नागेश ने कहा कि सरकार ने हाईकोर्ट के फैसले के अनुसार निर्देश दिया है. हर सरकारी कर्मचारी को नियम का पालन करना होगा. यदि इसका पालन नहीं किया जाता है तो निश्चित रूप से कुछ कार्रवाई करनी पड़ेगी. इससे पहले उडुपी में हिजाब की अनुमति नहीं देने पर 40 मुस्लिम छात्राओं ने प्री यूनिवर्सिटी परीक्षा छोड़ी दी थी.

हिजाब पर रोक: कर्नाटक हाईकोर्ट के फैसले को मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने शीर्ष अदालत में दी चुनौती

ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड की याचिका में कहा गया है कि यह मुस्लिम लड़कियों के खिलाफ ‘प्रत्यक्ष भेदभाव’ का मामला है. कहा गया है कि कर्नाटक हाईकोर्ट का फैसला सार्वजनिक शिक्षा प्रणाली से एक वर्ग के भेदभाव, बहिष्कार और समग्र रूप से वंचित होने के अलावा किसी व्यक्ति के पवित्र धार्मिक विश्वास का गंभीर रूप से अतिक्रमण करता है. हाईकोर्ट ने बीते दिनों कक्षाओं में हिजाब पहनने पर रोक लगा दी थी.

कर्नाटक में हिजाब पहने मुस्लिम छात्राओं को कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा देने की नहीं दी गई अनुमति

कर्नाटक के हिजाब को लेकर उपजे विवाद से संबंधित मामले की सुनवाई करते हुए बीते 15 मार्च को कर्नाटक हाईकोर्ट ने कहा था कि हिजाब पहनना इस्लाम धर्म में आवश्यक धार्मिक प्रथा का हिस्सा नहीं है और राज्य में शैक्षणिक संस्थानों में हिजाब पर प्रतिबंध बरक़रार रखा था. इसके बाद कर्नाटक सरकार ने स्पष्ट कर दिया था कि सभी को हाईकोर्ट के फैसले का पालन करना होगा, अन्यथा उन्हें परीक्षा देने की अनुमति नहीं दी जाएगी.

हिजाब मुद्दे पर मिस यूनिवर्स हरनाज़ संधू ने कहा- लड़कियों को निशाना बनाया जा रहा है

मिस यूनिवर्स हरनाज़ संधू ने एक कार्यक्रम में हिजाब सहित विभिन्न मुद्दों पर लड़कियों को निशाना बनाए जाने पर रोक लगाने की अपील करते हुए कहा कि लड़कियों को उनकी मर्ज़ी से जीने दीजिए, उन्हें उनकी मंज़िल तक पहुंचने दीजिए, उन्हें उड़ने दीजिए. उनके पंख मत काटिए.

New Delhi: A Muslim woman looks on, near Jama Masjid in New Delhi, Wednesday, Sept 19, 2018. The Union Cabinet approved an ordinance to ban the practice of instant triple talaq. Under the proposed ordinance, giving instant triple talaq will be illegal and void and will attract a jail term of three years for the husband. (PTI Photo/Atul Yadav) (Story No. TAR20) (PTI9_19_2018_000096B)

महाराष्ट्र: हिजाब पहनने को लेकर ‘उत्पीड़न’ का आरोप लगाते हुए कॉलेज प्राचार्य ने इस्तीफ़ा दिया

पालघर ज़िले के एक विधि महाविद्यालय की प्राचार्य ने हिजाब पहनने के लिए प्रबंधन द्वारा परेशान किए जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि हिजाब पहनना पहले कभी कोई मुद्दा नहीं था, लेकिन कर्नाटक में हुए विवाद के बाद ही यह मुद्दा बना है. उधर, कॉलेज ने इस आरोप से इनकार किया है.

तिरंगे को भगवा ध्वज से बदला जा सकता हैः आरएसएस नेता

कर्नाटक के राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ नेता कल्लडका प्रभाकर भट्ट ने मेंगलुरु के बाहरी इलाके कुट्टर में विश्व हिंदू परिषद की कर्णिका कोरगज्जा धर्मस्थल द्वारा हिंदू एकता के लिए आयोजित विशाल पदयात्रा के दौरान कहा कि अगर हिंदू समाज एक साथ आता है तो ऐसा हो सकता है.

कर्नाटक: हिजाब विवाद के बीच परीक्षा न दे पाने वाली छात्राओं के लिए नहीं होगा दोबारा इम्तिहान

कर्नाटक हाईकोर्ट के मामले पर अंतिम निर्णय के इंतज़ार में कई छात्राओं ने तय किया था कि वे न कक्षाओं में जाएंगी, न ही प्रैक्टिकल परीक्षाएं देंगी. इस पर शिक्षा मंत्री बीसी नागेश का कहना है कि वे अनुपस्थित छात्राओं के लिए फिर से परीक्षा आयोजित नहीं करेंगे, छात्राएं चाहें तो पूरक परीक्षाओं में शामिल हो सकती हैं.

हिजाब पर प्रतिबंध का फैसला सुनाने वाले कर्नाटक हाईकोर्ट के जजों को ‘वाई’ श्रेणी की सुरक्षा

कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने यह फैसला उस वीडियो के सामने आने के बाद लिया है, जिसमें जजों को कथित तौर पर धमकी दी गई थी. कर्नाटक हाईकोर्ट के तीन न्यायाधीशों की पीठ ने बीते दिनों राज्य के शिक्षण संस्थानों में हिजाब पर प्रतिबंध को बरक़रार रखने वाला फैसला सुनाया था.

हिजाब बैन: स्कूल यूनिफॉर्म की सरकारी समझ छात्राओं के शिक्षा के अधिकार के ऊपर नहीं है

स्कूल की वर्दी या यूनिफॉर्म के पीछे का तर्क छात्रों में बराबरी की भावना स्थापित करना है. वह वर्दी विविधता को पूरी तरह समाप्त कर एकरूपता थोपने के लिए नहीं है. उस विविधता को पगड़ी, हिजाब, टीके, बिंदी व्यक्त करते हैं. क्या किसी की पगड़ी से किसी अन्य में असमानता की भावना या हीनभावना पैदा होती है? अगर नहीं तो किसी के हिजाब से क्यों होनी चाहिए?