गोधरा के गुहया मोहल्ले में भीड़ को क़ाबू में करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े. पुलिस ने इस संबंध में आठ लोगों को हिरासत में लिया है, इनमें तीन महिलाएं शामिल हैं.
केरल हाईकोर्ट ने कथित रूप से देशव्यापी लॉकडाउन का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों के ख़िलाफ़ पुलिस ज़्यादती की कथित घटनाओं का स्वत: संज्ञान लिया है.
एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने कहा है कि पुलिस का काम पत्रकार के काम में बाधा डालना नहीं है, खासतौर पर मौजूदा परिस्थितियों में, बल्कि उनके कामकाज में सहायक बनना है.
पहलू खान मॉब लिंचिंग मामले से जुड़े अधिकारियों ने कहा कि जब अपराध हुआ उस समय दोनों दोषी नाबालिग थे. अब वे 18-21 वर्ष आयु वर्ग के हैं इसलिए उन्हें किशोर सुधार गृह भेजने की सजा सुनाई गई है.
कुलदीप सिंह सेंगर ने अदालत में जिरह के दौरान कहा कि अगर उन्होंने कुछ गलत किया है तो उन्हें फांसी पर लटका दिया जाए, उनकी आंखों में तेजाब डाल दिया जाना चाहिए.
साल 2017 में पहलू खान की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या करने के मामले में यह पहली दोषसिद्धी है. पिछले साल अगस्त में अलवर की निचली अदालत ने मामले के छह अन्य आरोपियों को बरी कर दिया था.
सुप्रीम कोर्ट द्वारा 1984 के दंगों संबंधी मामलों की जांच के लिए बनाए गए विशेष जांच दल ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि तत्कालीन केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस ने दंगों के दौरान दंगाइयों पर हत्या, आगजनी और हिंसा के मामले दर्ज करने की कोशिश नहीं की, साथ ही आपराधिक मामलों को छिपाने का प्रयास भी किया.
हिंसा के सबसे ज्यादा, सबसे ताकतवर और कारगर हथियार किसके पास हैं? किसके पास एक संगठित शक्ति है जो हिंसा कर सकती है? उत्तर प्रदेश में किसने आम शहरियों के घर-घर घुसकर तबाही की? किसने कैमरे तोड़कर चेहरे ढंककर लोगों को मारा? गोलियां कहां से चलीं? अदालत से यह कौन पूछे और कैसे? जब उसके पास ये सवाल लेकर जाते हैं तो वह हिंसा से रूठ जाती है.
संविधान निर्माताओं ने व्यवस्था के तीन भाग किए थे- विधायिका, कार्यपालिका और न्यायपालिका, ताकि किसी एक के हाथ में सारी शक्तियां न जाएं. लेकिन आज ऐसी परिस्थितियां बना दी गई हैं कि हम इस व्यवस्था के मरने पर सवाल उठाने की बजाय उस पर खुशी मना रहे हैं.
पुलिस ने बताया कि युवती से विवाह करने वाले दलित युवक की दुकान में आग लगा दी गई. 23 लोगों के ख़िलाफ़ एससी/एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज.
एक आरटीआई के जवाब में दिल्ली पुलिस ने बताया कि बीते साढ़े तीन साल में उन्हें अपने कर्मचारियों के ख़िलाफ़ क़रीब उन्नीस हज़ार शिकायतें मिलीं, जिनमें से 8.2 प्रतिशत पर कार्रवाई की गई.
फैसला सुनाते हुए नई दिल्ली की तीस हज़ारी कोर्ट ने विधायक कुलदीप सेंगर पर 25 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है, जिसे सहायता राशि के तौर पर पीड़िता को दिया जाएगा.
दिल्ली की एक अदालत ने पूर्व भाजपा नेता और उन्नाव से विधायक कुलदीप सेंगर द्वारा साल 2017 में उन्नाव में एक नाबालिग लड़की का अपहरण और बलात्कार करने के मामले में सह आरोपी शशि सिंह को बरी कर दिया. इस मामले में सजा का ऐलान 18 दिसंबर को होगा.
उत्तर प्रदेश के उन्नाव जिले में एक बलात्कार पीड़िता को गुरुवार तड़के बलात्कार के आरोपियों सहित पांच लोगों ने आग के हवाले कर दिया था. करीब 90 प्रतिशत तक झुलस चुकी युवती को एयर एम्बुलेंस के जरिए दिल्ली लाया गया था. पीड़िता ने शुक्रवार देर रात दम तोड़ दिया.
उत्तर प्रदेश के उन्नाव में पांच दिसंबर को ज़मानत पर छूटे सामूहिक बलात्कार के आरोपियों ने मामले की सुनवाई के लिए अदालत जा रही युवती को ज़िंदा जला दिया था.