Taran Taran

New Delhi: A view of the Supreme Court of India in New Delhi, Monday, Nov 12, 2018. (PTI Photo/ Manvender Vashist) (PTI11_12_2018_000066B)

हाईकोर्ट के लिव-इन संबंध को अस्वीकार्य बताने के बाद शीर्ष अदालत से युवक-युवती को मिली सुरक्षा

पिछले महीने पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने लिव-इन रिलेशनशिप में रह रहे युवक-युवती को सुरक्षा देने से इनकार करते हुए कहा था कि यह नैतिक और सामाजिक रूप से स्वीकार्य नहीं है. शीर्ष अदालत ने इस आदेश को ख़ारिज करते हुए पुलिस से याचिकाकर्ताओं को सुरक्षा देने को कहा है.

लिव-इन रिलेशनशिप की सामाजिक स्वीकार्यता बढ़ रही, क़ानून में इस पर प्रतिबंध नहीं: हाईकोर्ट

इससे पहले पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट की ही दो अन्य पीठों ने लिव-इन रिलेशनशिप के ख़िलाफ़ फैसला दिया था और प्रेमी जोड़े को सुरक्षा देने से इनकार कर दिया था. कोर्ट ने कहा था कि इस तरह के संबंध सामाजिक और नैतिक रूप से स्वीकार्य नहीं हैं.

लिव-इन रिलेशनशिप नैतिक और सामाजिक रूप से अस्वीकार्य: पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट

पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट का यह रुख़ ऐसे रिश्तों को मान्यता देने वाले उच्चतम न्यायालय के रुख़ से अलग है. उच्चतम न्यायालय की तीन न्यायाधीशों की पीठ ने मई 2018 में कहा था कि वयस्क जोड़े को शादी के बगैर भी साथ रहने का अधिकार है. न्यायालय ने कहा था कि एक महिला चुन सकती है कि वह किसके साथ रहना चाहती है.

पंजाबः नगर कीर्तन जुलूस के दौरान धमाके में दो लोगों की मौत, नौ घायल

यह विस्फोट पंजाब के तरन तारन में नगर कीर्तन जुलूस के दौरान पटाखे चलाने की वजह से हुआ. पटाखों से निकली चिंगारी ट्रैक्टर में रखे पटाखों तक पहुंची और धमाका हुआ. विस्फोट में नौ लोग घायल हुए हैं.