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आतंकवाद तो त्याग, तपस्या और बलिदान का प्रतीक होता है: भाजपा नेता राकेश सिंह

मध्य प्रदेश में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह ने कहा कि भगवा कभी आतंकवाद नहीं होता, भगवाधारण करने वाला कभी आतंकवादी नहीं होता.

भाजपा के मध्य प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह. (फोटो: पीटीआई)

भाजपा के मध्य प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह. (फोटो: पीटीआई)

भोपाल: मध्य प्रदेश में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह ने बुधवार को कहा कि आतंकवाद त्याग, तपस्या और बलिदान का प्रतीक होता है.

एएनआई के अनुसार, एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए सिहं ने कहा, ‘भगवा कभी आतंकवाद नहीं होता, भगवाधारण करने वाला कभी आतंकवादी नहीं होता, आतंकवाद तो त्याग, तपस्या और बलिदान का प्रतीक होता है.’

सिंह ने आगे कहा, ‘और जब चुनाव का समय आता है तब कांग्रेस के नेता और ये दिग्विजय सिंह जगह-जगह पर इसी भगवा पर माथा टेकते हुए दिखाई देते हैं.’

इस दौरान सिंह ने मध्य प्रदेश के भोपाल से भाजपा उम्मीदवार प्रज्ञा सिंह ठाकुर को वोट करने की अपील की. बता दें कि राकेश सिंह मध्यप्रदेश के जबलपुर से बीजेपी उम्मीदवार हैं.

उन्होंने कहा, भाजपा ने साध्वी प्रज्ञा को अपना उम्मीदवार बनाया है. यह साफ है कि भोपाल से आध्यात्मिकता और विकास की नई ऊर्जा प्रवाहित होगी और इसका केंद्र प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पास होगा.

मालूम हो कि प्रज्ञा ठाकुर पर मालेगांव बम धमाके का आरोप है. उनके अलावा लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद पुरोहित और छह अन्य आरोपी हैं.

नासिक जिले के मालेगांव में भिकू चौक के निकट 29 सितंबर 2008 को हुए बम विस्फोट में छह लोगों की मौत हुई थी और 101 से अधिक घायल हो गए थे. वह फिलहाल इस मामले में ज़मानत पर बाहर हैं.

इससे पहले प्रज्ञा सिंह ठाकुर के उस बयान पर विवाद खड़ा हो गया था जिसमें उन्होंने मुंबई में 26/11 के आतंकी हमले में शहीद हुए पुलिस अधिकारी हेमंत करकरे को श्राप देने की बात कही थी.

प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने कहा था, ‘यह उसकी कुटिलता थी. यह देशद्रोह था, यह धर्मविरुद्ध था. तमाम सारे प्रश्न करता था. ऐसा क्यों हुआ, वैसा क्यों हुआ? मैंने कहा मुझे क्या पता भगवान जाने. तो क्या ये सब जानने के लिए मुझे भगवान के पास जाना पड़ेगा. मैंने कहा बिल्कुल अगर आपको आवश्यकता है तो अवश्य जाइए. आपको विश्वास करने में थोड़ी तकलीफ होगी, देर लगेगी. लेकिन मैंने कहा तेरा सर्वनाश होगा.’

प्रज्ञा सिंह ठाकुर के इस बयान की आईपीएस एसोसिएशन ने निंदा की थी.