नॉर्थ ईस्ट

बिहार और असम में बाढ़ से करीब 150 लोगों की मौत, 1.15 करोड़ लोग प्रभावित

बिहार में नवादा में बिजली गिरने से सात बच्चों समेत आठ की मौत. राज्य के 12 जिलों में 66.78 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हैं. असम के 33 में से 27 जिलों में 48.87 लाख लोग प्रभावित हैं.

Darrang: Local people stand near an embankment which was breached by the swollen Brahmaputra river at a village, in Darrang district of Assam, Saturday, July 20, 2019. (PTI Photo)(PTI7_20_2019_000050B)

असम के दरांग जिले के एक गांव में ब्रह्मपुत्र नदी में आई बाढ़ से जमीन का एक हिस्सा कट गया है. (फोटो: पीटीआई)

पटना/गुवाहाटी/नई दिल्ली: बिहार और असम में बीते शुक्रवार को बाढ़ से लोगों को थोड़ी सी राहत मिली लेकिन अब तक इससे 1.15 करोड़ से ज्यादा लोग प्रभावित हो चुके हैं और बाढ़ तथा बारिश की वजह से मरने वालों की संख्या 150 तक पहुंच चुकी है.

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बयान जारी करके मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताई और परिजनों को चार लाख रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की.

दक्षिणी पश्चिमी मानसून राजस्थान के शेष क्षेत्र में भी पहुंच गया, इसके साथ ही अब पूरे द‍ेश में मानसून आ गया. दिल्ली को छोड़कर उत्तरी भारत के ज्यादातर हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज हुई.

बिहार में पिछले 24 घंटों में विभिन्न इलाकों में बाढ़ के कारण मरने वालों की संख्या 14 हो गई जिससे इस मानसूनी बारिश में बीते शुक्रवार तक यह आंकड़ा बढ़कर 92 तक पहुंच गया है.

राज्य में राहत और पुनर्वास अभियान पूरी क्षमता से चलाए जा रहे हैं और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 180 करोड़ रुपये से अधिक धनराशि वाला एक अभियान शुरू किया जिसके अंतर्गत प्रभावित लोगों को प्रत्यक्ष धन अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से सहायता दी जाएगी.

राज्य आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार, बाढ़ से सबसे अधिक प्रभावित जिला सीतामढ़ी है. राज्य में कल तक हुई कुल 78 मौतों में यहां 27 लोगों की जानें जा चुकी हैं. यहां का इलाका अचानक आई बाढ़ से प्रभावित है. यह बाढ़ नेपाल में गत सप्ताह हुई मूसलाधार बारिश की वजह से आई है.

12 जिलों के 66.78 लाख लोग बाढ़ और बारिश की वजह से प्रभावित हैं.

असम में 47 लोगों की मौत

असम में बाढ़ में 11 और लोगों की मौत के साथ मृतकों की संख्या बढ़कर 47 हो गई है जबकि राज्य के 33 में से 27 जिलों में 48.87 लाख लोग प्रभावित हैं. शुक्रवार को एक आधिकारिक रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है.

राज्य में कुल 1.79 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि पानी में डूबी हुई है और काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान तथा पबित्रो वन्यजीव अभयारण्य का करीब 90 फीसदी हिस्सा पानी में डूबा है.

असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) ने कहा कि 11 और लोगों की मौत की खबर मिली है, जिनमें बारपेटा और मोरीगांव में 3-3 लोगों की मौत हुई है.

प्राधिकरण ने अपने बुलेटिन में कहा कि 3,705 गांवों में 48,87,443 लोग बाढ़ की चपेट में हैं.

दिल्लीवासियों को शुक्रवार को उमस भरी सुबह का सामना करना पड़ा जहां न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 36.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि शनिवार को हल्की बारिश हो सकती है.

केरल में दूसरे दिन भी भारी बारिश

दक्षिण पश्चिम मानसून के प्रभाव के चलते शुक्रवार को दूसरे दिन भी केरल के कई हिस्सों में भारी बारिश हुई. सात मछुआरे लापता हैं और दो जिलों में राहत शिविर खोले गए हैं.

मौसम विभाग के अनुसार इडुक्की, कोझीकोड, वायनाड, मल्लपुरम और कन्नूर जिलों में शुक्रवार को 20 सेमी से अधिक बारिश के चलते रेड अलर्ट (बहुत ज्यादा बारिश) जारी किया गया है.

इन स्थानों में 19-22 जुलाई को भारी बारिश की भविष्यवाणी की गयी थी, जबकि सुदूर उत्तर के कासरगोड जिले में शनिवार को रेड अलर्ट घोषित कर दिया जाएगा.

राजस्थान के एक दो हिस्सों में पिछले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश और कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश दर्ज की गई.

विभाग ने आगामी 24 घंटों के दौरान राज्य के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश होने की संभावना जताई है.

बिजली गिरने से सात बच्चों सहित आठ की मौत

नवादा: बिहार में शुक्रवार दोपहर बिजली गिरने से सात बच्चों समेत आठ लोगों की मौत हो गई और कई लोग झुलस गए.

सदर, नवादा के अनुमंडलीय अधिकारी अनु कुमार के अनुसार वे सभी कलिचक थानाक्षेत्र के अंतर्गत आने वाले धनपुर मुसहारी गांव के रहने वाले थे और बारिश के कारण उन्होंने एक पेड़ के नीचे शरण ली थी.

कुमार ने बताया कि मृतकों की पहचान रमेश मांझी (26), छोटू मांझी, गणेश मांझी और मोनू मांझी (सभी की उम्र 15 वर्ष थी), प्रवेश कुमार (10), छोटू मांझी (8) और मुन्नी लाल मांझी (5) के तौर पर हुई है.

अधिकारी ने बताया कि इनके अलावा अन्य आठ लोग झुलसे हैं और उनका सदर अस्पताल में इलाज जारी है. घायलों में से एक की हालत गंभीर थी जिसे निकटवर्ती नालंदा जिले के पावापुरी में भर्ती कराया गया है.

मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी की गई प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार घायलों को उचित चिकित्सा सहायता मुहैया कराने के लिए उन्होंने निर्देश भी जारी किए हैं.

पूर्व मुख्यमंत्री एवं हिंदूस्तानी आवाम मोर्चा के अध्यक्ष जीतन राम मांझी ने भी घटना पर शोक व्यक्त करते हुए राहत राशि को बढ़ाकर 20 लाख रुपये करने की मांग की है.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)