असम

Data entry operators of National Register of Citizens (NRC) carry out correction of names and spellings at an NRC Seva Kendra at Birubari in Guwahati. PTI Photo

असम एनआरसी की सूची में ‘अयोग्य’ लोग शामिल, उनकी पहचान करें अधिकारी: एनआरसी संयोजक

असम एनआरसी की अंतिम सूची के प्रकाशन के लगभग छह महीने बीतने के बाद राज्य के एनआरसी संयोजक हितेश देव शर्मा ने राज्य के सभी 33 ज़िलों के अधिकारियों से इस लिस्ट में शामिल हो गए ‘अयोग्य’ लोगों के नामों की जांचकर इसकी जानकारी देने को कहा है.

Guwahati: An official checks the documents submitted by people at an National Register of Citizens (NRC) Seva Kendra in Guwahati, Friday, Aug 30, 2019. The NRC with the final list of citizens will be published tomorrow on August 31, 2019. Chief Minister of Assam Sarbananda Sonowal has asked people not to panic, and has directed all Government agencies of Assam to cooperate with people. (PTI Photo)(PTI8_30_2019_000055B)

असम: आधिकारिक वेबसाइट से एनआरसी डेटा गायब, गृह मंत्रालय ने कहा- तकनीकी समस्या है

एनआरसी के राज्य संयोजक हितेश देव शर्मा ने बताया कि बड़े पैमाने पर डेटा सेव करने के लिए आईटी कंपनी विप्रो ने क्लाउड सेवा मुहैया कराई थी, जिससे अनुबंध का नवीनीकरण न हो पाने के चलते एनआरसी का डेटा ऑफलाइन हो गया है.

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान. (फोटो: रॉयटर्स)

भाजपा की भारत में म्यांमार की तरह नरसंहार दोहराने की योजनाः इमरान खान

पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने एक साक्षात्कार के दौरान कहा कि म्यांमार में भी ऐसा हुआ था, वहां पहले रजिस्ट्रेशन एक्ट लाया गया और उसके बाद मुस्लिमों को इससे बाहर कर दिया था, जिसके बाद नरसंहार हुआ था. मुझे डर है कि भारत भी इसी दिशा में आगे बढ़ रहा है.

New Delhi: President Ram Nath Kovind speaks during the inauguration of the 20th National Technology Day 2018 function in New Delhi on Friday. (PTI Photo / Kamal Singh)(PTI5_11_2018_000050B)

विरोध प्रदर्शनों के दौरान हिंसा से लोकतंत्र कमजोर होता है: रामनाथ कोविंद

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने बजट सत्र के पहले दिन अपने अभिभाषण में कहा कि संसद ने नागरिकता संशोधन कानून बनाकर महात्मा गांधी के विचारों का सम्मान किया है. हालांकि इस दौरान विपक्षी सदस्यों ने हंगामा करते हुए इसका कड़ा विरोध किया.

उल्फा-आई के नेता परेश बरुआ. (फोटो: पीटीआई)

केंद्र सरकार उल्फा (आई) से शांति वार्ता करने के लिए तैयार: हिमंता बिस्वा शर्मा

बोडो शांति समझौते पर हस्ताक्षर होने के एक दिन बाद असम के वरिष्ठ मंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने उल्फा (आई) गुट के नेता परेश बरुआ से बातचीत के लिए आगे आने की अपील की. वहीं, उल्फा-आई के प्रमुख परेश बरुआ ने कहा कि यदि हम एक संप्रभु और स्वतंत्र असम के बारे में चर्चा करने और इस मुद्दे पर निष्कर्ष पर आने में सक्षम हैं, तो हम निश्चित रूप से इस तरह के एक समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे.

शरजील इमाम. (फोटो साभार: फेसबुक)

दिल्ली पुलिस ने जेएनयू छात्र शरजील इमाम को बिहार के जहानाबाद से गिरफ़्तार किया

हालांकि शरजील ने ट्वीट कर कहा है कि उन्होंने आत्मसमर्पण किया है. कथित भड़काऊ भाषण देने के मामले में शरजील के ख़िलाफ़ असम, उत्तर प्रदेश, नई दिल्ली, मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश में मामला दर्ज है.

बोडो समझौते पर हस्ताक्षर करने के बाद केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह और असम के मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनोवाल. (फोटो: पीआईबी)

असम: बोडो क्षेत्रों में स्थायी शांति के लिए केंद्र सरकार और एनडीएफबी, एबीएसयू के बीच हुआ समझौता

बोडो संगठन लगभग पांच दशक से पृथक राज्य की मांग करते रहे हैं. केंद्र सरकार ने असम के उग्रवादी समूहों में से एक एनडीएफबी और दो अन्य संगठनों के साथ समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं. समझौते में कहा गया है कि एनडीएफबी के सदस्यों के ख़िलाफ़ ग़ैर-जघन्य आपराधिक मामलों को वापस लिया जाएगा.

शरजील इमाम. (फोटो साभार: फेसबुक)

यूपी-असम के बाद जेएनयू छात्र के ख़िलाफ़ दिल्ली, मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश में केस दर्ज

जेएनयू से पीएचडी कर रहे छात्र शरजील इमाम पर नागरिकता संशोधन क़ानून के विरोध में कथित तौर पर भड़काऊ भाषण देने के आरोप में राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया है. बिहार के जहांनाबाद स्थित घर पर पुलिस ने मारा छापा.

आशीष नंदी, अमिताव घोष, मीरा नायर और नसीरुद्दीन शाह. (फोटो साभार: विकिपीडिया/फेसबुक)

नसीरुद्दीन शाह, मीरा नायर समेत 300 हस्तियों ने नागरिकता कानून के खिलाफ खुला बयान जारी किया

बयान में कहा गया है, ‘हम सीएए और एनआरसी के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले और बोलने वालों के साथ खड़े हैं. संविधान के बहुलवाद और विविध समाज के वादे के साथ भारतीय संविधान के सिद्धांतों को बनाए रखने के लिए उनके सामूहिक विरोध को सलाम करते हैं.’

CANNES: Director Nandita Das poses for photographers during a photo call for the film 'Manto' at the 71st international film festival, Cannes, southern France, Monday, May 14, 2018. AP/PTI(AP5_14_2018_000121B)

नागरिकता कानून विरोध प्रदर्शन को नंदिता दास का समर्थन, कहा- देश में हर जगह शाहीन बाग बन रहे हैं

अभिनेत्री नंदिता दास ने नागरिकता संशोधन कानून और राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर का विरोध करते हुए कहा कि दोनों को जोड़ना बेहद खतरनाक है. उन्होंने कहा कि यह बांटने वाला कानून है.

सुप्रीम कोर्ट (फोटो: पीटीआई)

नागरिकता क़ानून: सुप्रीम कोर्ट का रोक लगाने से इनकार, जवाब देने के लिए केंद्र को चार हफ्ते दिए

कोर्ट ने मामले की सुनवाई के लिए पांच जजों की बेंच गठित करने का संकेत दिया है. याचिकाकर्ताओं ने मांग की कि इस क़ानून को लागू करने की प्रक्रिया को टाल दिया जाए, लेकिन कोर्ट ने इस संबंध में कोई आदेश पारित नहीं किया.

New Delhi: Home Minister Amit Shah during the 32nd Intelligence Bureau (IB) Centenary Endowment Lecture at Siri Fort auditorium, Monday, Dec. 23, 2019. (PTI Photo/Shahbaz Khan)(PTI12_23_2019_000017B)

जिसे विरोध करना हो करे, मगर नागरिकता कानून वापस नहीं होने वाला: अमित शाह

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नागरिकता संशोधन कानून का विरोध करने वाली कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों से पूछा कि जब पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश में करोड़ों लोग धर्म के आधार पर मारे गए तब आप कहां थे?

दिलीप घोष. (फोटो साभार: फेसबुक)

50 लाख मुस्लिम घुसपैठियों को चिह्नित कर ज़रूरत पड़ी तो बाहर किया जाएगा: बंगाल भाजपा अध्यक्ष

नागरिकता संशोधन क़ानून को लेकर अपने एक आपत्तिजनक बयान पर पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा, ‘मैंने बस इतना कहा था कि जो लोग राष्ट्रीय संपत्ति नष्ट कर रहे हैं, उन्हें गोली मार देनी चाहिए. लेकिन देखो, उसके बाद हर जगह रोना-पीटना मच गया… इतना रोया जैसे उनके बाप मर गए हों.’

भाजपा सांसद सौमित्र खान. (फोटो: फेसबुक)

ममता बनर्जी के ‘कुत्ते’ हैं नागरिकता कानून के खिलाफ विरोध करने वाले बुद्धिजीवी: भाजपा सांसद

इससे पहले पश्चिम बंगाल भाजपा के अध्यक्ष दिलीप घोष ने कहा था कि असम और उत्तर प्रदेश में हमारी सरकार ने नागरिकता संशोधन कानून का विरोध करने वाले प्रदर्शनकारियों को ‘कुत्तों’ की तरह मारा था.

हिमंता बिस्वा शर्मा. (फोटो साभार: फेसबुक/Himanta Biswa Sarma)

नागरिकता कानून के तहत नागरिकता पाने के लिए धार्मिक उत्पीड़न शर्त नहींः हिमंता बिस्वा शर्मा

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने संसद में चर्चा के दौरान कहा था कि नागरिकता संशोधन कानून के तहत पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से 31 दिसंबर 2014 तक भारत में आए धार्मिक प्रताड़ना के शिकार हिंदुओं, जैनों, बौद्धों, पारसियों, सिखों और इसाइयों को नागरिकता दी जाएगी.