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अरुणाचल प्रदेश: चीनी सेना ने कथित रूप से पांच लोगों का अपहरण किया, जांच शुरू

घटना अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सुबनसिरी ज़िले के नाचो इलाके में हुई. परिवार ने प्रशासन से अपहृत लोगों को वापस लाने के लिए क़दम उठाने की मांग की है.

Indian army soldiers march near an army base on India's Tezpur-Tawang highway in Arunachal Pradesh May 29, 2012. REUTERS/Frank Jack Daniel/Files

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

ईटानगर: चीन-भारत सीमा पर स्थित अरुणाचल प्रदेश के ऊपरी सुबनसिरी जिले के जंगल में शिकार करने गए पांच लोगों को चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) द्वारा कथित तौर अपहृत किए जाने की खबर आने के बाद राज्य पुलिस जांच शुरू कर दी है. एक वरिष्ठ अधिकारी ने शनिवार को यह जानकारी दी.

अपहृत लोगों के परिवारों ने बताया कि यह घटना शुक्रवार को जिले के नाचो इलाके में हुई. लापता लोगों के साथ गए दो लोग किसी तरह बचकर आने में कामयाब हुए और उन्होंने पुलिस को घटना की जानकारी दी.

पुलिस अधीक्षक तरु गुस्सर ने कहा, ‘मैंने नाचो पुलिस थाने के प्रभारी को इलाके में तथ्यों की पुष्टि करने के लिए भेजा है और तत्काल रिपोर्ट देने को कहा है. हालांकि, रिपोर्ट रविवार सुबह तक ही मिल पाएगी.’

चीनी सेना द्वारा कथित तौर पर जिन लोगों का अपहरण किया गया है, उनकी पहचान तोच सिंगकम, प्रसात रिगलिंग, दोंगतू इबिया, तनू बाकर और नागरु दिरी के तौर पर की गई है और पांचों तागिन समुदाय के हैं.

ऊपरी सुबनसिरी के जिला मुख्यालय दापोरिजो में रहने वाले अपहृत लोगों के परिजनों ने बताया कि उनके रिश्तेदार भारतीय सेना से मामले पर चर्चा करने के लिए शनिवार सुबह नाचो इलाके के लिए रवाना हुए हैं.

नाचो इलाका जिला मुख्यालय से करीब 120 किलोमीटर दूर है. परिवार ने प्रशासन से अपहृत लोगों को वापस लाने के लिए कदम उठाने की मांग की है.

मामले पर प्रतिक्रिया के लिए सेना से संपर्क नहीं किया जा सका.

पासीघाट पश्चिम से विधायक नीनॉन्ग इरिंग ने कहा कि इस घटना के लिए पीएलए को मुंहतोड़ जवाब दिया जाना चाहिए.

उल्लेखनीय है कि इससे पहले मार्च में 21 वर्षीय युवक तोगली सिनकम को पीएलए ने मैकमहोन रेखा के नजदीक असापिला सेक्टर में पकड़ लिया था, जबकि उसके दो दोस्त बचकर भागने में कामयाब हुए थे. पीएलएल ने करीब 19 दिन तक बंधक बनाए रखने के बाद युवक को रिहा किया था.