राजनीति

ईडी मेरे पीछे नहीं पड़ेगी, क्योंकि मैं भाजपा सांसद हूं: संजय पाटिल

हाल में भाजपा नेता हर्षवर्धन पाटिल ने कहा था कि उन्हें भाजपा में रहते हुए अच्छी नींद आती है, क्योंकि किसी तरह की पूछताछ नहीं होती. यह बयान उस दिन आया था, जब राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार ने आरोप लगाया था कि विपक्ष को निशाना बनाने के लिए सीबीआई, ईडी तथा एनसीबी जैसी केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है.

संजय पाटिल. (फोटो साभार: फेसबुक)

मुंबई: महाराष्ट्र के सांगली से भारतीय जनता पार्टी के लोकसभा सदस्य संजय पाटिल ने रविवार को कहा कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) उनके पीछे नहीं पड़ेगा, क्योंकि वह भाजपा के सांसद हैं.

उन्होंने सांगली में एक समारोह को संबोधित करते हुए यह टिप्पणी की.

पाटिल ने हल्के-फुल्के लहजे में कहा, ‘ईडी मेरे पीछे नहीं पड़ेगी, क्योंकि मैं भाजपा का सांसद हूं. हमें दिखावे के लिए 40 लाख रुपये की महंगी कार खरीदने के वास्ते कर्ज लेना पड़ता है. हमने कितना कर्ज ले रखा है, यह देखकर ईडी को हैरानी होगी.’

हाल में भाजपा नेता हर्षवर्धन पाटिल ने कहा था कि उन्हें भाजपा में रहते हुए अच्छी नींद आती है, क्योंकि किसी तरह की पूछताछ नहीं होती.

बीते 13 अक्टूबर को एक कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा था, ‘हमें भी भाजपा में जाना था. उन्होंने (मंच पर अपने बगल में बैठे विपक्ष के किसी व्यक्ति का जिक्र करते हुए) मुझसे पूछा था कि मैं भाजपा में क्यों शामिल हुआ? मैंने उनसे कहा कि वे अपने नेता से पूछें कि मैं भाजपा में क्यों गया. (भाजपा में) सब कुछ आसान और शांतिपूर्ण है. मुझे गहरी नींद आती है, क्योंकि कोई पूछताछ नहीं होती है.’

यह बयान उसी दिन आया था, जब राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के अध्यक्ष शरद पवार ने आरोप लगाया था कि विपक्ष को निशाना बनाने के लिए सीबीआई, ईडी तथा एनसीबी जैसी केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है.

महाराष्ट्र के उप-मुख्यमंत्री अजित पवार से जुड़ी कंपनियों पर आयकर विभाग के छापों का जिक्र करते हुए राकांपा अध्यक्ष ने बीते 13 अक्टूबर (बुधवार) को एक संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि एजेंसी के अधिकारी बुधवार को छठे दिन छापे की कार्रवाई कर रहे हैं, जो बहुत असामान्य है.

पुणे जिले के इंदापुर से पूर्व विधायक हर्षवर्धन पाटिल ने 2019 के महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया था.

महाराष्ट्र में सत्तारूढ़ महा विकास आघाड़ी गठबंधन में शामिल शिवसेना, राकांपा और कांग्रेस आरोप लगाती रही हैं कि केंद्र की भाजपा नीत सरकार उनके नेताओं के खिलाफ केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर रही है.

इसी तरह के आरोप देश के अन्य हिस्सों में, खासकर चुनावों से पहले विपक्षी दलों द्वारा भी लगाए गए हैं.

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)