राजनीति

एक दिन आएगा जब नागरिक देश में परिवारवादी राजनीति का सूर्यास्त करके रहेंगे: नरेंद्र मोदी

पांच में से चार राज्यों में भारतीय जनता पार्टी की जीत सुनिश्चित होने के बाद भाजपा मुख्यालय पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश ने देश को अनेक प्रधानमंत्री दिए हैं लेकिन पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले किसी मुख्यमंत्री के दोबारा चुने जाने का यह पहला उदाहरण है.

भाजपा मुख्यालय में पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा, केंद्रीय मंत्रियों- अमित शाह, राजनाथ सिंह और नितिन गडकरी के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी. (फोटो साभार: ट्विटर/@@Dev_Fadnavis)

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर प्रदेश समेत चार राज्यों के विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की जीत पर गुरुवार को कहा कि यह नतीजे पार्टी के ‘गरीब हितैषी और अति सक्रिय शासन’ पर जनता की ‘बड़ी मजबूत मुहर’ हैं.

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गोवा और मणिपुर में भाजपा की जीत के यह मायने भी हैं कि देश के हर छोर की जनता ने भाजपा, उसकी नीति, नीयत और निर्णयों पर विश्वास को एकसूत्र में बांधने का काम किया है.

चारों राज्यों में भाजपा की जीत के बाद पार्टी मुख्यालय में आयोजित एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों में देश के मतदाताओं ने सूझबूझ का परिचय देते हुए ऐसे भविष्य की ओर इशारा भी कर दिया है. ‘

उन्होंने कहा, ‘मैं लोकतंत्र की चिंता करता हूं.’ प्रधानमंत्री ने परिवारवाद की राजनीति को अपनी सबसे बड़ी चिंता बताया और कहा कि इसका मतलब यह नहीं है कि वह किसी परिवार के खिलाफ हैं या किसी से उनकी व्यक्तिगत दुश्मनी है.

मोदी ने कहा कि परिवारवाद की राजनीति ने राज्यों का नुकसान किया है और उन्हें पीछे धकेला है. उन्होंने कहा, ‘मतदाताओं ने इसे समझा है और चुनावों में लोकतंत्र की ताकत को मजबूत किया है.’

उन्होंने कहा, ‘एक न एक दिन ऐसा आएगा, जब भारत में परिवारवादी राजनीति का सूर्यास्त देश के नागरिक करके रहेंगे. इस चुनाव में देश के मतदाताओं ने अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए, आगे क्या होने वाला है, इसका इशारा कर दिया है.’

उन्होंने चुनावों में हिस्सा लेने वाले सभी मतदाताओं के प्रति आभार जताया.

उन्होंने कहा, ‘उनके निर्णय के लिए मतदाताओं का आभार. विशेष रूप से माताओं, बहनों और युवाओं ने जिस प्रकार भाजपा को भरपूर समर्थन दिया है, वह अपने आप में बहुत बड़ा संदेश है.’

उन्होंने कहा कि पहली बार के मतदाताओं ने बढ़-चढ़कर मतदान में हिस्सा लिया और भाजपा की जीत सुनिश्चित की.

उन्होंने कहा, ‘मैं आज ये भी कहूंगा कि 2019 के चुनाव नतीजों के बाद कुछ पॉलिटिकल ज्ञानियों ने कहा था कि 2017 के नतीजों ने 2019 के नतीजे तय कर दिए. मैं मानता हूं इस बार भी वो यही कहेंगे कि 2022 के नतीजों ने 2024 के नतीजे तय कर दिए.’

उत्तर प्रदेश में भाजपा की जीत का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने देश को अनेक प्रधानमंत्री दिए हैं लेकिन पांच साल का कार्यकाल पूरा करने वाले किसी मुख्यमंत्री के दोबारा चुने जाने का यह पहला उदाहरण है.

उन्होंने कहा, ‘उत्तर प्रदेश में 37 साल बाद कोई सरकार लगातार दूसरी बार सत्ता में आई है. उत्तर प्रदेश, गोवा और मणिपुर में सरकार में होने के बावजूद भाजपा के वोट प्रतिशत में वृद्धि हुई है. गोवा में सारे एक्जिट पोल गलत निकले और वहां की जनता ने तीसरी बार सेवा करने का मौका दिया. 10 साल तक सत्ता में रहने के बावजूद भी भाजपा की सीटों की संख्या बढ़ी है.’

उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में भी भाजपा ने नया इतिहास रचा है और पहली बार कोई दल वहां लगातार दूसरी बार सत्ता में आया है.

उन्होंने कहा, ‘सीमा से सटा एक पहाड़ी राज्य, एक समुद्र तटीय राज्य, मां गंगा के विशेष आशीर्वाद वाले उत्तर प्रदेश और पूर्वोत्तर के राज्य मणिपुर में, यानी चारों दिशाओं में भाजपा को जनता का आशीर्वाद मिला है. इन राज्यों की चुनौतियां भिन्न हैं और इनके विकास की राह भी अलग-अलग हैं. भाजपा पर विश्वास, भाजपा की नीति, नीयत और निर्णयों पर जनता का अपार विश्वास सभी को एकसूत्र में बांधते हैं.’

उन्होंने कहा, ‘ये नतीजे प्रो पुअर, प्रो एक्टिव शासन पर बड़ी मजबूत मुहर लगाते हैं.’

प्रधानमंत्री ने कहा कि कुछ लोग यह कहकर उत्तर प्रदेश को बदनाम करते हैं कि यहां के चुनाव में तो जाति ही चलती है.

उन्होंने कहा, ‘2014 के चुनाव नतीजे देखें, 2017, 2019 के नतीजे देखें और अब फिर 2022 में भी देख रहे हैं… हर बार उत्तर प्रदेश के लोगों ने विकासवाद की राजनीति को ही चुना है.’

साथ ही उन्होंने कहा, ‘उत्तर प्रदेश के प्यार, आशीर्वाद ने मुझे यूपी वाला बना दिया है.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)