वैष्णोदेवी मेडिकल कॉलेज: मुस्लिम छात्रों का दाखिला रोकने के लिए भाजपा ने एलजी को ज्ञापन दिया

जम्मू-कश्मीर के कटरा स्थित वैष्णोदेवी मेडिकल कॉलेज के पहले बैच में 90% कश्मीरी मुस्लिम छात्रों के चयन के बाद भाजपा ने एडमिशन लिस्ट रद्द करने की मांग को लेकर एलजी मनोज सिन्हा को ज्ञापन सौंपा था, जिसे एलजी ने स्वीकार कर लिया है. इससे पहले दक्षिणपंथी संगठनों ने एडमिशन लिस्ट रद्द करने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन किए थे.

बिहार के सरकारी स्कूलों में शिक्षक जाति के आधार पर छात्रों का ग़लत मूल्यांकन करते हैं: अध्ययन

भारतीय प्रबंधन संस्थान, बैंगलोर के एक नए अध्ययन में पाया गया है कि बिहार के सरकारी स्कूलों में जब अलग-अलग जातियों के छात्र परीक्षाओं में समान अंक लाते हैं, तब भी शिक्षकों की धारणाएं वास्तविक प्रदर्शन से मेल नहीं खातीं. पिछड़ी जातियों के छात्रों को लगातार उनकी क्षमता से कम आंका जाता है.

जम्मू: वैष्णोदेवी मेडिकल कॉलेज में कश्मीरी मुस्लिम छात्रों के चयन के विरोध में हिंदुत्व संगठन, मेरिट रद्द करने की मांग

जम्मू के कटरा स्थित श्री माता वैष्णोदेवी इंस्टिट्यूट ऑफ मेडिकल एक्सीलेंस की पहली बैच में 90% कश्मीरी मुस्लिम छात्रों के चयन के बाद विहिप और बजरंग दल ने विरोध प्रदर्शन किया है. संगठनों का कहना है कि वैष्णोदेवी मंदिर में चढ़ावे से बने संस्थान में मुस्लिम समुदाय के छात्रों का बहुमत नहीं होना चाहिए और हिंदू छात्रों के लिए सीटें आरक्षित की जानी चाहिए.

उत्तर प्रदेश: शिक्षक भर्ती के लिए होने वाली टीजीटी परीक्षा फिर से टली, उम्मीदवारों में नाराज़गी

उत्तर प्रदेश की टीजीटी भर्ती परीक्षा एक बार फिर स्थगित कर दी गई है. तीन साल से लंबित चल रही इस परीक्षा की तारीख़ें कई बार टाली जा चुकी हैं. फिलहाल यह परीक्षा 18 और 19 दिसंबर को प्रस्तावित थी, जिसे आयोग ने अगली तारीख तक टाल दिया है. इसे लेकर अभ्यर्थियों में काफ़ी रोष है.

राष्ट्रपति द्वारा नीट-विरोधी विधेयक को मंज़ूरी न देने के बाद सुप्रीम कोर्ट पहुंची तमिलनाडु सरकार

तमिलनाडु सरकार ने राष्ट्रपति द्वारा उस विधेयक, जो राज्य को नीट के तहत मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश देने से छूट देता है, को मंज़ूरी न दिए जाने के फैसले के ख़िलाफ़ सुप्रीम कोर्ट का रुख़ किया है. सरकार ने कहा कि नीट शहरी, संपन्न, सीबीएसई से शिक्षित छात्रों के लिए फायदेमंद है, जबकि ग्रामीण पृष्ठभूमि के वंचित छात्रों के लिए नुकसानदेह है, जो सरकारी और ज़्यादातर तमिल माध्यम के स्कूलों में पढ़े हैं.

वर्धा विश्वविद्यालय: ‘सॉरी सावरकर’ के नारे लगाने पर दलित-पिछड़े छात्र निलंबित, प्रशासन ने कहा- ‘महापुरुषों’ का अनादर

जेएनयू छात्र संघ में वाम एकता की जीत के बाद महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय में नारे लगाने वाले दस छात्रों को छात्रावास से निलंबित कर दिया गया है. प्रशासन के अनुसार इन विद्यार्थियों ने 'सॉरी-सॉरी सावरकर, आरएसएस का छोटा बंदर, भाग नरेंद्र भाग नरेंद्र' नारे लगाए थे, जबकि छात्रों ने कहा उन्होंने 'बाल नरेंद्र-बाल नरेंद्र' कहा था.

यूपी: फीस को लेकर प्रिंसिपल द्वारा कथित तौर पर अपमानित किए गए छात्र ने ख़ुद को आग लगाई

उत्तर प्रदेश के मुज़फ़्फ़रनगर में डीएवी पीजी डिग्री कॉलेज के बीए द्वितीय वर्ष के एक छात्र ने फीस को लेकर प्रिंसिपल द्वारा कथित तौर पर मारपीट और अपमानित करने के बाद ख़ुद को आग लगा ली. वे 70 प्रतिशत से ज़्यादा जल गए छात्र को इलाज के लिए दिल्ली भेजा गया है. वहीं, प्रिंसिपल के ख़िलाफ़ केस दर्ज कर लिया गया है.

‘खून से तिलक करो, गोलियों से आरती’: डोडा प्रशासन ने ‘कट्टरवादी’ शिक्षा देने के लिए शिक्षक को निलंबित किया

सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए एक वीडियो में डोडा ज़िले में एक सरकारी शिक्षक को सुबह की प्रार्थना सभा में बच्चों को 'खून से तिलक करो, गोलियों से आरती करो' का नारा लगाते हुए सुना जा सकता है. उक्त शिक्षक को निलंबित कर दिया गया है.

जेएनयू छात्र संघ चुनाव में वाम एकता प्रभावी, सेंट्रल पैनल के सभी चार पदों पर जीत

जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव में केंद्रीय पैनल के सभी चार पदों पर वामपंथी संयुक्त मोर्चा ने जीत हासिल की. इस जीत के साथ ही संस्थान में एक बार फिर छात्र राजनीति में लेफ्ट दल प्रभावी भूमिका में आ गए हैं और चार सदस्यीय पैनल में दक्षिणपंथियों की उपस्थिति ख़त्म हो गई.

‘दलित बच्चे की पैंट में डाला बिच्छू’, शिमला के तीन सरकारी अध्यापक गिरफ़्तार

हिमाचल प्रदेश के शिमला ज़िले में सरकारी स्कूल के तीन शिक्षकों पर आठ वर्षीय दलित बच्चे को बार-बार पीटने और उसकी पैंट में बिच्छू डालने का आरोप लगा है. पिता की शिकायत पर पुलिस ने प्रधानाचार्य समेत तीनों के ख़िलाफ़ बीएनएस, एससी/एसटी एक्ट और बाल न्याय अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है.

दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स के समाजशास्त्र विभाग का साप्ताहिक कार्यक्रम रद्द हुआ: ध्वस्त होती अकादमिक परंपराएं

पिछले 11 वर्षों से देश के लगभग हर शिक्षा संस्थान में बौद्धिक गतिविधियों पर प्रशासन का नियंत्रण सख़्त होता जा रहा है. पाठ्यक्रमों के मामले में अब विभाग आज़ाद नहीं हैं. कोई गोष्ठी आयोजित नहीं की जा सकती. मात्र ‘राष्ट्रवादी’ विषयों और वक्ताओं को अब जगह दी जाती है. विश्वविद्यालय बौद्धिक मूर्च्छा में बस सांस ले रहे हैं. उनके जीवित होने का भ्रम है.

डीयू: बिना कारण बताए दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में सेमिनार रद्द, संयोजक का इस्तीफ़ा

दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में सबसे लंबे समय से चल रहे सेमिनारों में से एक को दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन के निर्देश पर रद्द कर दिया गया, 'भूमि, संपत्ति और लोकतांत्रिक अधिकार' शीर्षक से आयोजित सेमिनार समाजशास्त्र विभाग की 'शुक्रवार संगोष्ठी' श्रृंखला के तहत 31 अक्टूबर को होना था. इस घटनाक्रम के बाद समाजशास्त्री नंदिनी सुंदर ने संगोष्ठी की संयोजक के पद से इस्तीफ़ा दे दिया है.

केरल: सहयोगी दलों के दबाव के बीच सरकार ने ‘पीएम श्री’ योजना स्थगित की

केरल सरकार ने अपनी सहयोगी भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की आपत्तियों के बाद राष्ट्रीय शिक्षा नीति, 2020 के तहत चुनिंदा स्कूलों को उन्नत बनाने के उद्देश्य से भारत सरकार की पहल पीएम श्री योजना के क्रियान्वयन पर फिलहाल रोक लगा दी है. भाकपा का कहना है कि उसकी आपत्ति उस विचारधारा पर केंद्रित है, जो योजना के क्रियान्वयन का आधार है.

‘अखंड भारत नृत्य’, ‘संस्कृत क़व्वाली’ और दिल्ली पुलिस के गाने: जामिया के स्थापना दिवस समारोह की नई पहचान

जामिया मिल्लिया इस्लामिया के 105वें स्थापना दिवस समारोह को लेकर विवाद खड़ा हो गया है. छात्र संगठनों ने 'म्यूज़िक एंड डांस परफॉर्मेंस- अखंड भारत', ‘संस्कृत क़व्वाली’ और दिल्ली पुलिस के गायन कार्यक्रम पर आपत्ति जताई है. उनका कहना है कि ये आयोजन जामिया की धर्मनिरपेक्ष और समावेशी परंपरा के ख़िलाफ़ हैं.

विश्वविद्यालय में संवाद होगा या हिंसा

पिछले दो दशकों में देश भर के शैक्षणिक परिसरों में हुई हिंसा में अधिकतर एबीवीपी के सदस्य क्यों शामिल पाए जाते हैं? इस छात्र संगठन को इस सवाल से जूझना चाहिए कि विचार के परिसर में उसने हिंसा को क्यों चुना है?