Communal Attack

हिंदू राष्ट्र हो या न हो हम एक ग़ुंडा राज में ज़रूर तब्दील हो गए हैं

पिछले सात साल में बार-बार मुसलमानों और ईसाइयों के ख़िलाफ़ हिंसा के इशारे किए गए और उनके लिए सर्वोच्च स्तर से तर्क दिया गया. जब आप जनसंख्या नियंत्रण के नाम पर, अपनी बेटियों की दूसरे धर्म में शादी रोकने के नाम पर, मुसलमान औरतों को उनके मर्दों से बचाने के नाम पर क़ानून बनाते हैं तो उनके ख़िलाफ़ हिंसा के लिए ज़मीन तैयार करते हैं.

Rohtak: Haryana Chief Minister Manohar Lal interacts with the youths at a programme, in Rohtak on Sunday, June 3, 2018. (PTI Photo) (PTI6_3_2018_000132B)

खुले में नमाज़ पढ़ने की प्रथा को ‘बर्दाश्त नहीं’ किया जाएगा: मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर

हरियाणा के मनोहर लाल खट्टर ने यह भी कहा कि जिला प्रशासन के खुले स्थानों पर नमाज़ के लिए कुछ स्थानों को आरक्षित करने का पूर्व निर्णय वापस ले लिया गया है और राज्य सरकार अब इस मुद्दे का सौहार्दपूर्ण समाधान निकालेगी. गुड़गांव में पिछले कुछ महीनों में कुछ हिंदू संगठनों के सदस्य उन जगहों पर इकट्ठा हो जाते हैं, जहां मुस्लिम खुले स्थान पर नमाज़ अदा करते हैं और ‘भारत माता की जय’ और ‘जय श्री राम’ के नारे लगाते हैं.

Gurugram: People offer namaz under police presence (unseen), after the recent disruptions by Hindu activists organisations, in Gurugram on Friday.( PTI Photo )(PTI5_11_2018_000120B)

नमाज़ में दक्षिणपंथी समूहों के बाधा डालने की निंदा होनी चाहिए: गुड़गांव मुस्लिम काउंसिल

गुड़गांव मुस्लिम काउंसिल ने कहा कि दो दशकों से अधिक समय से खुले स्थानों पर जुमे की नमाज़ अदा की जा रही है, क्योंकि समुदाय के पास पर्याप्त संख्या में मस्जिद नहीं हैं. मई 2018 के बाद शहर में पहली बार नमाज़ बाधित होने की सूचना मिली थी, जिसके बाद से मुसलमानों को प्रताड़ित करने के कई प्रयास हुए हैं.

गुड़गांव: दक्षिणपंथी समूहों के विरोध के बीच नमाज़ के लिए अपने परिसर देगी गुरुद्वारा कमेटी

गुड़गांव में पिछले कुछ महीनों से दक्षिणपंथी समूह खुले में नमाज़ का विरोध कर रहे हैं. गुरुद्वारा कमेटी साथ ही अक्षय यादव नाम के एक दुकान मालिक ने भी नमाज़ के लिए अपना ख़ाली परिसर देने की पेशकश की है.

‘हिंदू त्योहार अब मुसलमान विरोध का हथियार बन रहे हैं’

वीडियो: दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर अपूर्वानंद बता रहे हैं कि किस तरह हिंदू त्योहारों का इस्तेमाल सांप्रदायिक नफ़रत फैलाने और अल्पसंख्यकों को अलग-थलग करने के लिए किया जा रहा है.

अगर गुड़गांव में नमाज़ हुई तो मैं वहां तलवार लेकर दिखाई दूंगा: हिंदुत्ववादी नेता

वीडियो: बीते पांच नवंबर को बजरंग दल और विहिप के कार्यकर्ताओं ने गुड़गांव के सेक्टर 12ए में उस जगह पर गोवर्धन पूजा का आयोजन किया था, जहां हर शुक्रवार जुमे की नमाज होती थी. ये कार्यकर्ता पिछले कुछ समय से यहां नमाज़ का विरोध कर रहे थे. द वायर ने दिनेश भारती से बात की, जो गुड़गांव में नमाज़ बाधित करने के आरोप में कई बार जेल जा चुके हैं. दिनेश भारत माता वाहिनी के सदस्य हैं और विहिप से भी जुड़े हैं.

गुड़गांव: नमाज़ स्थल पर पूजा के लिए हिंदुत्ववादी समूह ने कपिल मिश्रा, नरसिंहानंद को बुलावा भेजा

गुड़गांव में पिछले कुछ महीनों से दक्षिणपंथी समूह खुले में नमाज़ का विरोध कर रहे हैं. प्रशासन ने बीते तीन नवंबर को 37 निर्धारित स्थलों में से आठ स्थानों पर नमाज़ अदा करने की अनुमति रद्द कर दी है. इस बीच संयुक्त हिंदू संघर्ष समिति ने सेक्टर-12ए में उस स्थान पर गोवर्धन पूजा का आयोजन किया है, जहां पिछले कुछ दिनों से नमाज़ करने का विरोध किया जा रहा है.

Gurugram: People offer namaz under police presence (unseen), after the recent disruptions by Hindu activists organisations, in Gurugram on Friday.( PTI Photo )(PTI5_11_2018_000120B)

गुड़गांव: हिंदुत्ववादी संगठनों के विरोध के बाद आठ स्थानों पर नमाज़ अदा करने की अनुमति रद्द

तीन साल पहले हिंदुत्ववादी संगठनों द्वारा विरोध के बाद गुड़गांव ज़िला प्रशासन ने शहर में 37 स्थानों को चिह्नित किया था, जहां पर मुस्लिमों को जुमे की नमाज़ पढ़ने की अनुमति दी गई थी. साल 2018 में गुड़गांव में भी खुले में नमाज़ अदा कर रहे मुस्लिमों पर लगातार हमले हुए थे.

हरियाणा: गुड़गांव में लगातार चौथे हफ़्ते खुले में नमाज़ का विरोध

हरियाणा के गुड़गांव सेक्टर 47 में 15 अक्टूबर को खुले में नमाज़ अदा करने वाले मुस्लिमों का कुछ लोगों ने विरोध किया था, जिसके बाद पुलिस को इलाके की घेराबंदी करनी पड़ी. यह लगातार चौथा हफ़्ता है, जब क्षेत्र में जुमे की नमाज़ को निशाना बनाया गया. साल 2018 में भी गुड़गांव में खुले में नमाज़ अदा कर रहे मुस्लिमों पर हमले हुए थे.

मथुरा डोसा स्टॉल पर सांप्रदायिक हमला, आरोपी की पहचान हुई

वीडियो: उत्तर प्रदेश के मथुरा में श्रीनाथ डोसा स्टॉल पर देवराज पंडित और राष्ट्रीय हिंदू युवा वाहिनी के कुछ कार्यकर्ताओं ने बीते 18 अगस्त को एक मुस्लिम के काम करने की वजह से हमला कर दिया था. हमले के बाद इसका नाम बदलकर अमेरिकन डोसा कॉर्नर नाम दिया गया है. इसे लेकर द वायर ने कुछ खाद्य स्टॉल मालिकों और पुलिस उपाधीक्षक वरुण कुमार सिंह से मुलाकात की और देवराज पंडित के एक दोस्त से भी बात की, जो हिंदुत्ववादी कार्यकर्ताओं के समूह का हिस्सा है, जिसने स्टॉल पर हमला किया था.

यूपी: मथुरा में डोसा स्टॉल पर सांप्रदायिक हमले के बाद मुस्लिम कामगार को नौकरी छिनने का डर

उत्तर प्रदेश के मथुरा की विकास मार्केट में 18 अगस्त को हिंदुत्ववादी कार्यकर्ताओं ने मुस्लिम डोसा विक्रेता के स्टॉल में तोड़फोड़ की थी. हमलावरों का आरोप है कि मुस्लिम होकर डोसा विक्रेता ने दुकान का नाम हिंदू भगवान श्रीनाथ के नाम पर रखा है. घटना का वीडियो पुलिस के संज्ञान में आने के बाद बीते 28 अगस्त को मथुरा के कोतवाली थाने में एफ़आईआर दर्ज की गई.