Employment

सरकारी नौकरियों के पीछे न भागें, सभी तरह के काम का सम्मान करें: मोहन भागवत

आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत ने कहा कि श्रम के प्रति सम्मान की भावना की कमी देश में बेरोज़गारी के मुख्य कारणों में से एक है. उन्होंने यह भी कहा कि ईश्वर की दृष्टि में हर कोई समान है और उसके सामने कोई जाति या संप्रदाय नहीं है. यह सब पंडितों ने बनाया, जो ग़लत है.

इस बार का बजट चालाकी से अपने असली इरादों को जनकल्याण के परदे में छिपाता है

बजट 2023-24 का लोकलुभावनवाद यह है कि यह दिखने में तो समाज के हर वर्ग, चाहे वे स्त्रियां हों, जनजातियां, दलित, किसान या फिर सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम, को कुछ न कुछ देने की बात करता है, लेकिन घोषणाओं का तभी कोई अर्थ होता है, जब हर किसी के लिए लिए पर्याप्त फंड का आवंटन भी हो.

केंद्र के 78 मंत्रालयों और विभागों में नौ लाख से अधिक पद ख़ाली: सरकार

राज्यसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कार्मिक राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने बताया कि केंद्र सरकार के 78 मंत्रालयों और विभागों में 9.79 लाख से अधिक रिक्तियां हैं, जिनमें से रेलवे में 2.93 लाख, रक्षा (सिविल) में 2.64 लाख और गृह मंत्रालय में 1.43 लाख  पद ख़ाली हैं.

बीते नौ सालों से ठहरी अर्थव्यवस्था को ‘अमृत काल’ का यह बजट कोई ख़ास राहत नहीं देता

बजट को चाहे जितना भी बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जाए, नरेंद्र मोदी के सत्ता में नौ साल की विरासत मैन्युफैक्चरिंग, निजी निवेश और रोज़गार में ठहराव की है. हाल के दिनों में बढ़ती महंगाई एक अतिरिक्त समस्या बन गई है.

बजट 2023: मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का सबसे कम मनरेगा आवंटन

2023 के आम बजट में मनरेगा आवंटन में भारी कमी करते हुए इसके लिए 60,000 करोड़ रुपये दिए गए हैं. हालांकि, वित्त वर्ष 2023 के लिए संशोधित अनुमान 89,400 करोड़ रुपये था, जो 73,000 करोड़ रुपये के बजट अनुमान से अधिक था.

भारतीय रेलवे में 3.12 लाख से अधिक पद रिक्त: सरकारी डेटा

राज्यसभा में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा दिए गए एक जवाब के अनुसार, भारतीय रेलवे में 1 दिसंबर, 2022 तक 18 क्षेत्रों में 3.12 लाख नॉन-गजेटेड पद खाली थे. अधिकतम 38,754 पद उत्तरी क्षेत्र में रिक्त हैं. इन नॉन गजेटेड पदों में इंजीनियर, टेक्नीशियन, क्लर्क, स्टेशन मास्टर, टिकट कलेक्टर आदि नौकरियां शामिल हैं.

देश में बेरोज़गारी दर दिसंबर में 16 माह के उच्चतम स्तर पर पहुंची: सीएमआईई

सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी के आंकड़े बताते हैं कि दिसंबर माह में शहरी बेरोज़गारी दर 10.09 प्रतिशत और ग्रामीण बेरोज़गारी दर 7.44 प्रतिशत रही. उच्चतम 37.4 प्रतिशत की दर हरियाणा में दर्ज की गई.

अर्थव्यवस्था की स्थिति को लेकर महुआ ने सरकार से पूछा: अब ‘असली पप्पू’ कौन है

तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने आर्थिक संकेतकों और अर्थव्यवस्था के संदर्भ सहित कई मुद्दों को लेकर लोकसभा में मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि किसी को नीचा दिखाने के लिए ‘पप्पू’ शब्द का इस्तेमाल किया गया था. आज आंकड़ों के ज़रिये पता चलता है कि ‘असली पप्पू’ कौन है.

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की सिर्फ भाषा बदली है, विचार नहीं

बीते कुछ दिनों से आरएसएस नेताओं की भाषा बदली दिख रही है लेकिन बदलाव संघ के एजेंडा पर कभी रहा नहीं है. यह तथ्य किसी से छिपा नहीं है कि संघ ने ‘अराजनीतिक होने की राजनीति’ करते हुए अपने स्वयंसेवकों को सत्ता के शीर्ष तक पहुंचाया है और कैसे वे लोकतंत्र व संविधान के गुणों व मूल्यों से खिलवाड़ कर रहे हैं.

देश के श्रमबल में महिलाओं के साथ होने वाली ग़ैर-बराबरी की जड़ें पितृसत्ता में छिपी हैं

ऑक्सफैम की एक हालिया रिपोर्ट बताती है कि भारतीय श्रम बाज़ार में महिलाएं पुरुषों की तुलना में भागीदारी और मेहनताने- दोनों पहलुओं पर ग़ैर-बराबरी का सामना करती हैं. इसकी वजहें आर्थिक तो हैं ही, लेकिन इसका मूल समाज की पितृसत्तात्मक व्यवस्था में छिपा है.

जम्मू कश्मीर: पुलवामा, शोपियां में खुला पहला सिनेमा हॉल, एलजी ने कहा- हर ज़िले में जल्द होगा थिएटर

घाटी में 1980 के दशक के अंत तक लगभग एक दर्जन सिंगल स्क्रीन सिनेमा हॉल थे, लेकिन आतंकवाद के उभार के चलते उन्हें बंद करना पड़ा. अब श्रीनगर में पहला मल्टीप्लेक्स खोला जा रहा है.

कूनो राष्ट्रीय उद्यान में चीते आने पर ग्रामीणों को भूमि अधिग्रहण और मानव-पशु संघर्ष का डर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नामीबिया से लाए गए 8 चीते शनिवार को मध्य प्रदेश के श्योपुर ज़िले के कूनो राष्ट्रीय उद्यान में छोड़े थे, जिसके बाद दावे किए जा रहे हैं कि चीतों के आगमन से क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा. हालांकि स्थानीय निवासियों की इस संबंध में कई आशंकाएं भी हैं.

दिल्ली हाईकोर्ट का ‘अग्निपथ’ योजना पर रोक लगाने से इनकार, केंद्र से मांगा जवाब

केंद्र ने संविदा आधारित अग्निपथ सैन्य भर्ती योजना की घोषणा बीते 14 जून को की थी, जिसमें साढ़े 17 साल से 21 साल के बीच के युवाओं को केवल चार वर्ष के लिए सेना में भर्ती करने का प्रावधान है. सुप्रीम कोर्ट ने अपने समक्ष लंबित उन सभी जनहित याचिकाओं को बीते 19 जुलाई को दिल्ली हाईकोर्ट को स्थानांतरित कर दिया था, जिनमें इस योजना को चुनौती दी गई थी.

भारतीयों को ‘तानाशाही ग़ुरूर’ के चलते एकता को कमज़ोर नहीं होने देना चाहिए: मनमोहन सिंह

पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लिखे एक आलेख में कहा कि विभाजनकारी राजनीति तात्कालिक फ़ायदा भले पहुंचाए लेकिन यह देश की प्रगति में बाधा खड़ी करती है.

संसद में महंगाई पर बहस: विपक्ष और वित्त मंत्री सेब की तुलना संतरे से कर रहे हैं

संगठित क्षेत्र के प्रदर्शन के आधार पर अर्थव्यवस्था के सार्वभौमिक और व्यापक पुनरुद्धार का दावा करना बेहद भ्रामक है.