Mohan Bhagwat

भारत अहिंसा की बात करेगा, लेकिन अपने हाथ में छड़ी रखेगा: मोहन भागवत

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि भारत की प्रगति धर्म की प्रगति के बिना संभव नहीं है. सनातन धर्म ही हिंदू राष्ट्र है. इस भारत के रास्ते में कोई भी खड़ा होगा तो उसे हटा दिया जाएगा या समाप्त कर दिया जाएगा.

संविधान और धार्मिक स्वतंत्रता की आड़ में धार्मिक कट्टरता बढ़ रही है: आरएसएस

अहमदाबाद में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की बैठक में प्रस्तुत की गई एक रिपोर्ट में कहा गया है कि देश में विभाजनकारी तत्वों के बढ़ने की चुनौती भी ख़तरनाक है. हिंदू समाज में ही विभिन्न विभाजनकारी प्रवृत्तियों को उभारकर समाज को कमज़ोर करने का प्रयास किया जा रहा है.

Nagpur: RSS workers take part in Vijay Dashmi Utsav in Nagpur, Maharashtra, Thursday, Oct 18, 2018. (PTI Photo) (PTI10_18_2018_000112B)

कर्नाटक: आरएसएस के आयोजन में संघ की यूनिफॉर्म न पहनकर आने पर पत्रकारों को रोका

कर्नाटक के कलबुर्गी में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने वार्षिक संक्रांति उत्सव का आयोजन किया था, जिसमें कवरेज के लिए आने वाले मीडियाकर्मियों को संघ की यूनिफॉर्म पहनकर आने के लिए कहा गया था. ऐसा न करने वाले पत्रकारों को प्रवेश नहीं दिया गया.

अरुणाचल प्रदेश: छात्रसंघ ने चकमा-हाजोंग शरणार्थियों की गणना के लिए दो हफ्ते का अल्टीमेटम दिया

अखिल अरुणाचल प्रदेश छात्रसंघ ने कहा कि चकमा और हाजोंग की जनगणना स्वदेशी लोगों की सुरक्षा के लिए आवश्यक डेटा को बनाए रखने के लिए एक नियमित प्रशासनिक अभ्यास है. इस महीने की शुरुआत में प्रधानमंत्री कार्यालय से राज्य सरकार को एक पत्र मिलने के बाद यह प्रक्रिया ठप हो गई.

बाबरी मस्जिद-राम जन्मभूमि विवाद का क़ानूनी पटाक्षेप अंत नहीं महज़ शुरुआत था…

अयोध्या विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद जिन सदाशयी लोगों को लगता था कि इसके बहाने होने वाले सांप्रदायिक विद्वेष की बला अब उनके सिर से हमेशा के लिए टल जाएगी, उसका राजनीतिक दुरुपयोग बंद हो जाएगा, देश-प्रदेश का राजनीतिक नेतृत्व उनकी भोली उम्मीदों पर पानी फेरने को तैयार है.

मुस्लिम आबादी 1000 साल में भी हिंदुओं से आगे नहीं निकल सकतीः एसवाई कुरैशी

वीडियो: संघ प्रमुख मोहन भागवत ने कहा है कि 1951 और 2011 के बीच जनसंख्या वृद्धि दर में भारी अंतर के कारण भारत में उत्पन्न हुए धर्मों के अनुयायियों का अनुपात देश की आबादी में 88 प्रतिशत से घटकर 83.8 प्रतिशत हो गया है. वहीं, मुस्लिम आबादी का अनुपात 9.8 फ़ीसदी से बढ़कर 14.24 फ़ीसदी हो गया है. इस मुद्दे पर पूर्व मुख्य चुनाव आयुक्त एसवाई कुरैशी से आरफ़ा ख़ानम शेरवानी की बातचीत.

सीखें! अख़बार में छपी निगेटिव ख़बरों को पॉज़िटिव बनाने की विधि

व्यंग्य: बीते दिनों आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत ने कहा कि वे शुरू से ही मीडिया को संदेश देते रहे हैं कि निगेटिव ख़बरों को भी पॉज़िटिव तरीके से छापें. देश के एक वरिष्ठ पत्रकार ने उनकी राय पर अमल करते हुए ‘नो निगेटिव न्यूज़’ वाले अख़बार में प्रकाशित एक ख़बर के साथ ऐसा करने की कोशिश की है.

New Delhi: RSS chief Mohan Bhagwat speaks on the 2nd day at the event titled 'Future of Bharat: An RSS perspective', in New Delhi, Tuesday, Sept 18, 2018. (PTI Photo) (PTI9_18_2018_000190B)

‘समझदार’ मुस्लिम नेता कट्टरपंथ के ख़िलाफ़ दृढ़ता से खड़ें होंः मोहन भागवत

आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत ने एक कार्यक्रम में कहा कि हिंदुओं और मुसलमानों के पूर्वज एक ही थे और हर भारतीय हिंदू है. हिंदू शब्द मातृभूमि, पूर्वज और भारतीय संस्कृति के बराबर है. यह अन्य विचारों का अनादर नहीं है. हमें मुस्लिम वर्चस्व के बारे में नहीं बल्कि भारतीय वर्चस्व के बारे में सोचना है.

पूर्व सीजेआई बोबडे ने नागपुर स्थित आरएसएस मुख्यालय में मोहन भागवत से मुलाकात की: रिपोर्ट

एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, आरएसएस के अधिकारियों ने ऐसी किसी भी मुलाकात से इनकार किया तो वहीं विश्वस्त सूत्रों ने इस बात की पुष्टि की कि पूर्व सीजेआई एसए बोबडे और आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के बीच मुलाकात हुई है.

भारतीय सभ्यता के संदर्भ में धर्मनिरपेक्षता को परिभाषित किया जाए: हिमंता बिस्वा शर्मा

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने वामपंथी बुद्धिजीवियों, उदारवादियों और मीडिया पर निशाना साधते हुए दावा किया कि देश के बौद्धिक समाज में अब भी वाम.उदारवादियों का वर्चस्व है और मीडिया ने वैकल्पिक आवाजों की अनदेखी करते हुए उन्हें ज़्यादा स्थान दिया है. उन्होंने कहा कि वामपंथी सोच को चुनौती दी जानी चाहिए और अस्तित्व के लिए हमारे लंबे संघर्ष, इतिहास पर आधारित अधिक विचारोत्तेजक पुस्तकों को सही परिप्रेक्ष्य में तैयार किया जाना चाहिए.

Nagpur: RSS Chief Mohan Bhagwat addresses after a book release during an event organised by Shree Narkesari Prakashan, in Nagpur, Monday, Oct 15, 2018. (PTI Photo) (PTI10_15_2018_000166B)

सीएए, एनआरसी का हिंदू-मुसलमान विभाजन से कोई लेना-देना नहीं: मोहन भागवत

असम में एक किताब के विमोचन के दौरान आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने बुधवार को कहा कि स्वतंत्रता के बाद देश के पहले प्रधानमंत्री ने कहा था कि अल्पसंख्यकों का ध्यान रखा जाएगा और अब तक ऐसा ही किया गया है. हम ऐसा करना जारी रखेंगे. सीएए के कारण किसी मुसलमान को कोई नुकसान नहीं होगा.

भागवत कहते हैं मुस्लिमों-हिंदुओं का डीएनए एक, लेकिन हिंदुत्व से नफ़रत करने वालों का क्या?

वीडियो: एक तरफ़ राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत का देश की एकता को लेकर बयान आता है और दूसरी तरफ़ अल्पसंख्यक समुदाय के ख़िलाफ़ कुछ भाजपा नेता नफ़रत की आग फैला रहे हैं. इस मुद्दे पर द वायर की सीनियर एडिटर आरफ़ा ख़ानम शेरवानी का नज़रिया.

New Delhi: RSS chief Mohan Bhagwat speaks on the last day at the event titled 'Future of Bharat: An RSS perspective', in New Delhi, Wednesday, Sept 19, 2018. (PTI Photo) (PTI9_19_2018_000185B)

अगर हिंदू कहता है कि किसी मुस्लिम को यहां नहीं रहना चाहिए, वह हिंदू नहींः मोहन भागवत

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने संघ की अल्पसंख्यक इकाई मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के एक कार्यक्रम में कहा कि सभी भारतीयों का डीएनए एक जैसा है. जो लोग लिंचिंग में शामिल हैं, वे हिंदुत्व के ख़िलाफ़ हैं. कई विपक्षी नेताओं ने उनके बयान पर ‘कथनी-करनी का अंतर’ कहते हुए निशाना साधा है.

आरएसएस के पांच पदाधिकारियों के ट्विटर अकाउंट से भी हटाया गया ब्लू टिक कई घंटे बाद बहाल

इससे पहले भारत के उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडु के ट्विटर अकाउंट से बीते शनिवार को ब्लू टिक हट गया था. ट्विटर की ओर से कहा गया था कि काफी दिनों से अकाउंट निष्क्रिय रहने की वजह से ऐसा होने की संभावना है. आरएसएस की दिल्ली इकाई के एक कार्यकर्ता राजीव टुली ने ज़ोर देकर कहा कि कई अन्य ट्विटर हैंडल निष्क्रिय हैं, लेकिन वे सत्यापित बने रहेंगे.

गांधी को हिंदू देशभक्त बताना उन्हें ओछा करना है…

गांधी हिंदू थे, गीता, उपनिषद, वेद आदि के लिए भी उनके मन में ऊंचा स्थान था, पर उनका साफ कहना था कि अगर ये पवित्र ग्रंथ अस्पृश्यता का समर्थन करते हों, तो वे उन्हें भी ठुकरा देंगे. गांधी का एक जीवन दर्शन था जिसकी कसौटी पर महान से महान व्यक्ति, ग्रंथ या विचार को कसा ही जाना था.