भारत

केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार का निधन

भाजपा नेता अनंत कुमार पिछले कुछ समय से कैंसर से जूझ रहे थे. कर्नाटक में तीन दिन के शोक की घोषणा.

The Union Minister for Chemicals & Fertilizers and Parliamentary Affairs, Shri Ananth Kumar addressing the media on announcement for launching of ‘Biodegradable Sanitary Napkins’, under the ‘Pradhan Mantri Bhartiya Janaushadhi Pariyojana (PMBJP)’, on the International Women’s Day, in New Delhi on March 08, 2018.

केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार. (फोटो साभार: पीआईबी)

बेंगलुरु: केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार का सोमवार तड़के निधन हो गया. बेंगलुरु के एक निजी अस्पताल में सुबह तकरीबन चार बजे उन्होंने अंतिम सांस ली. वह 59 वर्ष के थे. वे पिछले कुछ समय से कैंसर से जूझ रहे थे.

शंकरा अस्पताल के निदेशक नागराज ने बताया कि अनंत कुमार ने तड़के दो बजे आख़िरी सांस ली. उस वक्त उनकी पत्नी तेजस्विनी और दोनों बेटियां भी वहां मौजूद थीं.

अमेरिका और ब्रिटेन में इलाज कराने के बाद वह हाल में ही बेंगलुरु लौटे थे. उनका बाद में यहां के शंकरा अस्पताल में उपचार चल रहा था.

भाजपा सूत्रों ने बताया कि कुमार का शव श्रद्धांजलि के लिए नेशनल कॉलेज ग्राउंड में रखा जाएगा. यह मैदान उनके बेंगलुरु दक्षिण लोकसभा क्षेत्र में पड़ता है.

उनके पार्टी कार्यालय ने एक बयान में बताया कि कुमार का कैंसर और संक्रमण के बाद पैदा हुई जटिलताओं के कारण निधन हुआ.

बयान में बताया गया कि वह पिछले कुछ दिनों से सघन निगरानी कक्ष में कृत्रिम जीवन रक्षक प्रणाली पर थे.

उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए बेंगलुरु स्थित उनके घर पर रखा गया है. उनके निधन पर कर्नाटक में तीन दिन के शोक की घोषणा की गई है. साथ ही राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा. सोमवार को एक दिन की छुट्टी की भी घोषणा की गई है.

अनंत कुमार के पास दो मंत्रालय थे. साल 2014 से वह रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय संभाल रहे थे. जुलाई 2016 से उन्हें संसदीय कार्यमंत्री का कार्यभार भी मिला हुआ था.

भाजपा नेता अनंत कुमार का जन्म 22 जुलाई 1959 को बेंगलुरु में हुआ था. साल 1996 से वह दक्षिणी बेंगलुरु का लोकसभा में प्रतिनिधित्व कर रहे थे.

उनके निधन पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी समेत कई नेताओं ने शोक जताया.

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कहा, ‘अनंत कुमार के निधन की ख़बर सुनकर दुखी हूं. उनके जाने से देश और ख़ासकर कर्नाटक लोगों को बड़ी क्षति पहुंची है. मेरी शोक संवेदनाएं उनके परिवार, दोस्तों और सहयोगियों के साथ हैं.’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, ‘मेरे मूल्यवान साथी और दोस्त अनंत कुमार के निधन से बेहद दुखी हूं. वह एक महत्वपूर्ण नेता थे जो युवावस्था में सार्वजनिक जीवन में आए और लगन के साथ समाज की सेवा करते रहे. उन्हें उनके अच्छे कार्यों के लिए हमेशा याद किया जाएगा.’

मोदी ने एक अन्य ट्वीट में कहा, ‘अनंत कुमार जी सक्षम प्रशासक थे, जिन्होंने कई मंत्रालयों की ज़िम्मेदारी संभाली और भाजपा संगठन के लिए एक धरोहर थे. उन्होंने पार्टी को कर्नाटक और खासतौर पर बेंगलुरु और आस-पास के क्षेत्रों में मज़बूत करने के लिए कठोर परिश्रम किया. वह अपने क्षेत्र की जनता के लिए हमेशा सुलभ रहते थे.’

प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने कुमार की पत्नी डॉ. तेजस्विनी से बातचीत की और अपनी संवेदना प्रकट की. उन्होंने कहा, ‘इस दुख की घड़ी में मेरी संवेदना उनके समूचे परिवार, मित्रों और समर्थकों के प्रति है. ओम शांति.’

कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने कहा, ‘मैंने एक दोस्त खो दिया. वह एक अमूल्य नेता थे. बतौर सांसद और केंद्रीय मंत्री उन्होंने देश को महत्वपूर्ण योगदान दिया. उनकी आत्मा को शांति मिले और ईश्वर उनके परिवार को यह दुख सहने की ताकत दे.’

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा, ‘केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार के निधन का दुख है. मेरी शोक संवेदनाएं उनके परिवार के साथ हैं. ईश्वर उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें. ओम शांति.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)