सुप्रीम कोर्ट ने उन्नाव बलात्कार मामले के दोषी कुलदीप सिंह सेंगर की उस याचिका पर सुनवाई करने इनकार कर दिया, जिसमें उन्होंने पीड़िता के पिता की हिरासत में हुई मौत से जुड़े मामले में अपनी सज़ा और 10 साल की क़ैद को चुनौती दी थी. शीर्ष अदालत ने मामले को दिल्ली हाईकोर्ट कोर्ट वापस भेजते हुए प्राथमिकता के आधार पर सुनवाई करने का अनुरोध किया है.
अंकिता न्याय यात्रा संयुक्त संघर्ष मंच द्वारा देहरादून में बुलाई गई एक महापंचायत में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पद से हटाने और पिछले महीने आदेश दी गई सीबीआई जांच में उन्हें शामिल करने की मांग करते हुए प्रस्ताव पारित किया गया. महापंचायत के ज़रिए राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन भी भेजा गया है.
भाजपा की असम इकाई द्वारा मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा को मुसलमानों पर निशाना बनाते दिखाने वाले वीडियो पर इलाहाबाद हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर ने कड़ी आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा कि राजनीतिक संदेशों की आड़ में हिंसा और घृणा को सामान्य बनाने के किसी भी प्रयास को रोकने के लिए सख़्त क़ानूनी और न्यायिक कार्रवाई ज़रूरी है.
प्रधानमंत्री कार्यालय ने लोकसभा सचिवालय को बताया है कि पीएम केयर्स फंड, प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष और राष्ट्रीय रक्षा कोष से जुड़े सवाल लोकसभा में स्वीकार्य नहीं हैं. पीएमओ के अनुसार, ये फंड स्वैच्छिक जनयोगदान से बने हैं और सरकार की संचित निधि का हिस्सा नहीं हैं.
संयुक्त किसान मोर्चा ने भारत-अमेरिका द्विपक्षीय व्यापार समझौते के लिए वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल के तत्काल इस्तीफ़े की मांग करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से इस पर हस्ताक्षर न करने का आग्रह किया है. एसकेएम नेताओं ने आरोप लगाया कि समझौता अमेरिकी कृषि क्षेत्र की बहुराष्ट्रीय कंपनियों के सामने पूर्ण आत्मसमर्पण है.
एक आरटीआई के जवाब से पता चला है कि ढाका स्थित भारतीय उच्चायोग के पास बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों के ख़िलाफ़ हिंसा का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड नहीं है. उच्चायोग ने जो आंकड़े दिए हैं, वे एक ग़ैर-सरकारी संगठन से लिए गए हैं, जिससे भारत सरकार की निगरानी और दावों की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े होते हैं.
मुज़फ़्फ़रनगर में 7 सितंबर 2013 को हुए सांप्रदायिक दंगों से जुड़े एक मामले में अदालत ने 23 आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया. भौराकलां पुलिस ने इस मामले में 27 आरोपियों के ख़िलाफ़ चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की थी, इनमें से चार आरोपियों की पहले ही मौत हो चुकी है.
डोनाल्ड ट्रंप द्वारा जारी एक कार्यकारी आदेश में यह दावा किए जाने के बाद कि भारत ने रूस से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष आयात रोकने की प्रतिबद्धता जताई है, इस पर उठे सवालों के जवाब में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि इस संबंध में जानकारी विदेश मंत्रालय देगा. गोयल ने यह भी कहा कि डील में ऐसे किसी भी प्रावधान को शामिल नहीं किया जाएगा जिससे भारतीय किसानों को नुकसान हो.
भारत और अमेरिका द्वारा अंतरिम व्यापार समझौते के ढांचे को लेकर संयुक्त बयान जारी किए जाने के बाद विपक्षी दलों ने सरकार पर तीखा हमला बोला है. विपक्ष ने पीएम मोदी पर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सामने ‘आत्मसमर्पण’ करने और कृषि व डेयरी जैसे अहम क्षेत्रों में भारत के हितों से समझौता करने का आरोप लगाया.
उत्तर प्रदेश में जारी एसआईआर अभियान की तारीखों को एक बार फिर एक महीने के लिए बढ़ा दिया गया है. अब 6 मार्च तक आपत्तियां और दावे दर्ज किए जा सकेंगे और अंतिम मतदाता सूची 10 अप्रैल को प्रकाशित की जाएगी. राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिनवा का कहना है कि अभी तक बड़ी संख्या में महिलाएं और युवा मतदाता सूची से बाहर हैं.
गुजरात सरकार ने साल 2005 में कच्छ ज़िले में मुंद्रा बंदरगाह के पास 231 एकड़ चरागाह भूमि अडानी पोर्ट्स को आवंटित की थी, जिसके ख़िलाफ़ ग्रामीणों ने अदालत का रुख़ किया था. तेरह साल बाद 2024 में सरकार ने हाईकोर्ट में बताया था कि वह अडानी समूह से 184 हेक्टेयर ज़मीन वापस लेगी. अब सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट के आदेश को रद्द करते हुए अधिकारियों को नए सिरे से निर्णय लेने का निर्देश दिया है.
यूपीए सरकार के दौरान अगस्ता वेस्टलैंड हेलीकॉप्टर सौदे को लेकर कांग्रेस पर तीखे हमले करने वाली भाजपा के शासन में वही कंपनी अब लियोनार्डो नाम से अडानी डिफेंस की साझेदार बनकर भारत के रक्षा क्षेत्र में लौट आई है. इसी हफ्ते अडानी डिफेंस ने इस कंपनी के साथ भारत में हेलीकॉप्टर निर्माण का इकोसिस्टम स्थापित करने के लिए, मोदी सरकार के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया है.
राज्यसभा में डीएमके सांसद पी. विल्सन के एक सवाल के जवाब में संसदीय कार्य मामलों के केंद्रीय राज्य मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने बताया कि 2021 से जनवरी 2026 के बीच देश के हाईकोर्ट में कुल 593 जज नियुक्त किए गए. इनमें से केवल 26 अनुसूचित जाति, 14 अनुसूचित जनजाति और 80 अन्य पिछड़ा वर्ग के हैं.
आतंकवाद के आरोपी अपने मुवक्किलों द्वारा दोषी याचिकाएं देने के बाद भी उनका पक्ष लेने को लेकर वकीलों के पास अलग-अलग कारण हैं, लेकिन वे सब इस बात पर सहमत हैं कि एनआईए ही इन याचिकाओं को बढ़ावा दे रही है और यहां तक कि उसके लिए दबाव भी बना रही है.
जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक कड़े राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून के तहत सितंबर 2025 से जोधपुर की जेल में हैं, जहां उन्हें स्वास्थ्य समस्याएं हो रही हैं. अब सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से वांगचुक के ख़राब स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए उनकी हिरासत पर पुनर्विचार करने को कहा है.