सीबीआई ने शराब नीति घोटाला मामले में दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल को 16 अप्रैल को तलब किया है. राजद सांसद मनोज झा ने मोदी सरकार पर तंज़ कसते हुए कहा कि उसे सभी विपक्षी नेताओं को गैस चेंबर में डालकर उन्हें ‘नाजी-शैली’ में ख़त्म कर देना चाहिए.
संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती पर पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने एक लेख में कहा कि सत्तारूढ़ दल संवैधानिक संस्थानों का दुरुपयोग कर रहा है, उन्हें नष्ट कर रहा है और स्वतंत्रता, समानता, बंधुत्व और न्याय की इनकी नींव को कमज़ोर कर रहा है.
19 मार्च 2017 को मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के बाद से योगी आदित्यनाथ ने पुलिस एनकाउंटर को अपना राजनीतिक समर्थन दिया है. मुख्यमंत्री के लिए यह अपराध पर नकेल कसने, जो उनकी सरकार का प्रमुख मुद्दा है, का सबसे शक्तिशाली हथियार है. उन्होंने इसे एक निवारक उपाय भी माना है.
आज बाबासाहेब की शिक्षा, संदेश व विचारों के बजाय मूर्तियां अहम हो चली हैं. ये मूर्तियां चीख सकतीं तो उन पर तो ज़रूर चीखतीं, जो बाबासाहेब की जयंती व निर्वाण दिवस पर साल में दो दिन उन पर फूलमाला अर्पित कर उनकी विरासत के प्रति अपने कर्तव्यों की इतिश्री मान लेते हैं.
राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद कक्षा 11वीं की किताब से भारत के पहले शिक्षा मंत्री मौलाना अबुल कलाम आजाद के सभी संदर्भों को भी हटा दिया है. कांग्रेस ने कहा कि मोदी सरकार द्वारा इतिहास को फिर से लिखने और झूठ और असत्य पर बनी मनगढ़ंत, विकृत विरासत को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए एक ठोस प्रयास किया जा रहा है.
गुजरात में सूरत की अदालत में बीते बृहस्पतिवार को ‘मोदी सरनेम’ मानहानि मामले में कांग्रेस नेता राहुल गांधी की दोषसिद्धि पर रोक लगाने की याचिका पर सुनवाई हुई. राहुल की ओर से पेश उनके वकील ने कहा कि ट्रायल कोर्ट के न्यायाधीश को गुमराह किया गया था. अदालत ने अपना फैसला 20 अप्रैल तक के लिए सुरक्षित रख लिया है.
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सूरत की अदालत में मोदी सरनेम मानहानि मामले में उनकी दोषसिद्धि और सज़ा के ख़िलाफ़ अपील दायर की है, जिसकी सुनवाई सूरत के अतिरिक्त ज़िला एवं सत्र न्यायाधीश रॉबिन पॉल मोगेरा कर रहे हैं. जज मोगेरा वकील के तौर पर 2006 तुलसीराम प्रजापति फ़र्ज़ी एनकाउंटर मामले में गुजरात के पूर्व गृह मंत्री अमित शाह का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं.
छत्तीसगढ़ के बेमेतरा ज़िले के बीरनपुर में बीते 8 अप्रैल को कथित तौर पर स्कूली बच्चों के बीच हुए झगड़े के बाद सांप्रदायिक हिंसा भड़क उठी थी. इसमें एक युवक की मौत हो गई थी. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस घटना को लेकर भाजपा पर राजनीतिक रोटी सेंकने का आरोप लगाया है.
तमिलनाडु विधानसभा ने एक प्रस्ताव पारित कर केंद्र और राष्ट्रपति से आग्रह किया है कि सदन द्वारा पारित किए गए विधेयकों को मंज़ूरी देने के लिए राज्यपालों के लिए समयसीमा तय की जाए. मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने ग़ैर-भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखकर ऐसा ही प्रस्ताव पारित करने का आग्रह किया है.
छत्तीसगढ़ में बेमेतरा ज़िले के बिरनपुर गांव में हुई कथित सांप्रदायिक हिंसा के ख़िलाफ़ हिंदू संगठनों ने राज्यव्यापी बंद का आह्वान किया था. इस दौरान जगदलपुर में बस्तर क्षेत्र के भाजपा नेताओं और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं की उपस्थिति में मुसलमानों और ईसाइयों के आर्थिक बहिष्कार का संकल्प लेता वीडियो सामने आया है.
जम्मू-कश्मीर के पूर्व राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने एक यूट्यूब चैनल को दिए साक्षात्कार में कहा कि मोदी सरकार के पास इन आरोपों के खिलाफ कोई बचाव नहीं है कि गौतम अडानी की जबरदस्त वृद्धि में उसका हाथ था. उन्होंने इस बात पर सहमति जताई कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी को संसद में बोलने की अनुमति दी जानी चाहिए थी. उन्होंने स्पीकर के रवैए को 'अभूतपूर्व' करार दिया.
सुप्रीम कोर्ट ने सपा नेता यूसुफ़ मलिक के ख़िलाफ़ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (एनएसए) के तहत लगाए गए आरोपों को ख़ारिज करते हुए उत्तर प्रदेश सरकार को चेतावनी दी कि बिना किसी ठोस आधार के एनएसए लगाने से राजनीतिक प्रतिशोध के आरोप लगते हैं.
तमिलनाडु विधानसभा ने एक प्रस्ताव पारित कर केंद्र और राष्ट्रपति से सदन द्वारा पारित किए गए विधेयकों को मंज़ूरी देने के लिए राज्यपालों के लिए एक समयसीमा तय करने का आग्रह किया है. सितंबर 2021 में पदभार ग्रहण करने के बाद से राज्यपाल आरएन रवि के पास राज्य मंत्रिमंडल द्वारा पारित लगभग 20 विधेयक उनकी मंज़ूरी के लिए लंबित हैं.
वीडियो: भारतीय संविधान के अनुच्छेद 93 से 96 लोकसभा के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष से जुड़े अधिकारों, उनके चयन की प्रक्रिया, उनकी रिक्ति के समय उठाए जाने वाले क़दमों के बारे में बात करते हैं. इस बारे में विस्तार से बता रही हैं सुप्रीम कोर्ट की अधिवक्ता अवनि बंसल.
चुनाव आयोग का यह निर्णय 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव और 2014 के बाद से हुए 21 राज्य विधानसभा चुनाव में दलों के प्रदर्शन की समीक्षा के आधार पर लिया गया. आयोग के आदेश में कहा गया है कि आप ने चार या अधिक राज्यों में एक मान्यता प्राप्त राज्य पार्टी होने की आवश्यकता को पूरा किया है.