Delhi HC

(फोटो: रॉयटर्स)

पुलिस प्रताड़ना के ख़िलाफ़ कोर्ट का आदेश, कहा- एलजीबीटी समुदाय को हाशिए पर नहीं छोड़ सकते

पुलिस प्रताड़ना के ख़िलाफ़ दो समलैंगिक महिलाओं द्वारा दायर याचिका पर मद्रास हाईकोर्ट ने कहा कि एलजीबीटी समुदाय के संबंधों के प्रति समाज में परिवर्तन की ज़रूरत है. असली समस्या क़ानूनी मान्यता की नहीं बल्कि सामाजिक स्वीकृति की है. हमारा मानना है कि सामाजिक स्तर पर बदलाव होने चाहिए.

Chennai: Lesbian, Gays, Bi-Sexual and Transgenders (LGBT) people along with their supporters take part in Chennai Rainbow Pride walk to mark the 10th year celebrations, in Chennai on Sunday, June 24, 2018. (PTI Photo)(PTI6_24_2018_000128B)

केंद्र ने समलैंगिक शादी पर सुनवाई का किया विरोध, कहा- विवाह सर्टिफिकेट के बिना कोई मर नहीं रहा

समलैंगिक विवाह को मान्यता देने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट में कई याचिकाएं दायर की गई है. इससे पहले केंद्र सरकार ने अदालत में ऐसे विवाह का विरोध करते हुए कहा था कि हमारा समाज, हमारा कानून और हमारे नैतिक मूल्य इसकी मंजूरी नहीं देते. सुप्रीम कोर्ट ने साल 2018 में अपने एक फैसले में समलैंगिक यौन संबंध को सहमति प्रदान की थी, लेकिन इसमें समलैंगिकों की शादी का ज़िक्र नहीं था.

(फोटो: पीटीआई)

बिना सहमति के सोशल मीडिया से ली गई तस्वीरें पोर्न वेबसाइट पर डालना अपराधः हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि फेसबुक, इंस्टाग्राम से उठाई गई तस्वीरों को बिना उस व्यक्ति की सहमति के पॉर्न वेबसाइट पर अपलोड करना आईटी एक्ट की धारा 67 के तहत अपराध है. अगर फोटो आपत्तिजनक नहीं भी हैं तब भी संबंधित व्यक्ति की सहमति के बिना ऐसा करना उस शख़्स की निजता का उल्लंघन है.

पत्रकार मिताली सरन (फोटो साभारः ट्विटर)

दिल्ली हाईकोर्ट ने सबूतों के अभाव में पत्रकार और बिजनेस स्टैंडर्ड के ख़िलाफ़ दर्ज मामला रद्द किया

बिजनेस स्टैंडर्ड में पत्रकार मिताली सरन द्वारा मार्च 2016 में लिखे गए एक लेख के आधार पर आपराधिक अवमानना की शिकायत दर्ज कराई गई थी. शिकायतकर्ता वकील लोहिताक्ष शुक्ला का कहना था कि लेख में संघ और इसके सदस्यों के ख़िलाफ़ अपमानजनक बातें लिखी गई थीं और यह तथ्यों पर आधारित नहीं थी.

(फोटो साभार: यू ट्यूब/रिपब्लिक भारत)

पाकिस्तानियों के ख़िलाफ़ हेट स्पीच को लेकर ब्रिटिश नियामक ने रिपब्लिक भारत पर जुर्माना लगाया

ब्रिटिश टीवी नियामक प्राधिकरण ऑफकॉम के अनुसार सितंबर 2019 में रिपब्लिक भारत पर अर्णब गोस्वामी के शो ‘पूछता है भारत’ में पैनलिस्ट द्वारा की गईं टिप्पणियां पाकिस्तानी लोगों के ख़िलाफ़ अपमानजनक और हेट स्पीच से भरी हुई थीं, जिसके चलते चैनल पर क़रीब 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है.

(फोटो: पीटीआई)

कोविड-19 मरीज़ों के घर के बाहर पोस्टर चिपकाने की ज़रूरत नहीं: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट में दाख़िल एक जनहित याचिका में कहा गया था कि कोविड-19 संक्रमण के पोस्टर घर के बाहर लगाने और मरीज़ों के नाम रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन तथा वॉट्सऐप ग्रुप पर साझा करने से न सिर्फ़ उनके साथ भेदभाव हो रहा है, बल्कि बेवजह लोगों का ध्यान उन पर जा रहा है.

A board put up by the District Magistrate (East Delhi) at the house of a coronavirus-affected patient in east Delhi | Manvender Vashist | PTI

कोरोना मरीज़ों के घरों पर पोस्टर लगाने से उनके साथ हो रहा अछूतों जैसा व्यवहार: सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट में दाख़िल एक जनहित याचिका में कहा गया है कि कोविड-19 संक्रमण के कारण पोस्टर घर के बाहर लगाने और मरीज़ों के नाम को रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन तथा वॉट्सऐप ग्रुप पर साझा करने से न सिर्फ़ उनके साथ भेदभाव हो रहा है, बल्कि बिना वजह लोगों का ध्यान उन पर जा रहा है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली हाईकोर्ट ने कोर्ट मार्शल के बाद गिरफ़्तारी पर सेना और बीएसएफ से जवाब मांगा

दिल्ली हाईकोर्ट ने सेना और बीएसएफ से जवाब मांगा है कि क्या सेना के किसी शख़्स को कोर्ट मार्शल की सज़ा सुनाए जाने या समरी सुरक्षा बल कोर्ट के तुरंत बाद गिरफ़्तार किया जाना चाहिए या नहीं.

(फोटो साभार: फेसबुक)

रिपब्लिक, टाइम्स नाउ सुनिश्चित करें कि बॉलीवुड के ख़िलाफ़ अपमानजनक कंटेट प्रसारित न हो: कोर्ट

सुशांत सिंह राजपूत की मौत से जुड़े ड्रग्स मामले में फिल्म इंडस्ट्री को बुरा भला कहने को लेकर समाचार चैनल रिपब्लिक टीवी, उसके प्रधान संपादक अर्नब गोस्वामी, टाइम्स नाउ, उसके प्रधान संपादक राहुल शिवशंकर और समूह संपादक नविका कुमार और अज्ञात प्रतिवादियों के ख़िलाफ़ चार फिल्म एसोसिएशनों और 34 निर्माता संगठनों ने याचिका दाख़िल की है.

(फोटो: पीटीआई)

अनुसूचित जाति की एकल मांओं के बच्चों को जाति प्रमाणपत्र नहींः दिल्ली हाईकोर्ट

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि अनुसूचित जाति की सिंगल मदर्स के ऐसे बच्चे, जिनके पिता सवर्ण जाति से हैं, को तब तक जाति प्रमाण पत्र नहीं दिया जाएगा, जब तक यह सिद्ध न हो जाए कि विशिष्ट समुदाय के कारण उन्हें अभाव, अपमान और बाधाओं का सामना करना पड़ा है.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

कोर्ट ने तिहाड़ जेल प्रशासन से कहा- किसी को जेल में रख उसके वकील से मिलने से नहीं रोक सकते

जामिया मिलिया इस्लामिया छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष शिफ़ा उर रहमान को दिल्ली दंगों के सिलसिले में यूएपीए के तहत गिरफ़्तार किया गया है. रहमान ने अदालत के समक्ष याचिका दायर कर कहा है कि जेल प्रशासन उन्हें उनके वकील से मिलने नहीं दे रहा है.

Bengaluru: LGBT community supporters celebrate after the Supreme Court verdict which decriminalises consensual gay sex, in Bengaluru, Thursday, Sept 6, 2018. A five-judge constitution bench of the Supreme Court today, unanimously decriminalised part of the 158-year-old colonial law under Section 377 of the IPC which criminalises consensual unnatural sex, saying it violated the rights to equality. (PTI Photo/Shailendra Bhojak)(PTI9_6_2018_000189B)

केंद्र ने दिल्ली हाईकोर्ट से कहा- हमारा समाज समलैंगिक विवाह को मान्यता नहीं देता

केंद्र सरकार की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने याचिका का विरोध करते हुए कहा कि हमारे क़ानून, हमारी न्याय प्रणाली, हमारा समाज और हमारे मूल्य समलैंगिकों के बीच विवाह को मान्यता नहीं देते. हिंदू मैरिज एक्ट के तहत विवाह के लिए महिला और पुरुष होना जरूरी है.

आईपीएस अधिकारी अजय पाल लांबा की किताब गनिंग फॉर द गॉडमैन. (फोटो साभार: फेसबुक/हार्पर कॉलिन्स)

आईपीएस अधिकारी द्वारा आसाराम पर लिखी किताब के रिलीज़ पर कोर्ट ने रोक लगाई

दिल्ली की एक स्थानीय अदालत ने नाबालिग के बलात्कार के दोषी ठहराए गए स्वयंभू संत आसाराम की सह-आरोपी की याचिका पर उन पर लिखी किताब को रिलीज़ होने से रोक दिया है. किताब आसाराम को गिरफ़्तार करने वाली राजस्थान पुलिस की टीम का नेतृत्व कर रहे आईपीएस अधिकारी अजय पाल लांबा ने लिखी है.

(प्रतीकात्मक फोटो: रॉयटर्स)

असम राइफल्स के नियंत्रण को लेकर 12 हफ़्तों में फ़ैसला करे केंद्र सरकार: दिल्ली हाईकोर्ट

असम राइफल्स पर पूर्ण नियंत्रण को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय और रक्षा मंत्रालय के बीच विवाद है. गृह मंत्रालय चाहता है कि उसे पूरा नियंत्रण मिले, लेकिन भारतीय सेना इसके विरोध में है. वर्तमान में पूर्वोत्तर में तैनात असम राइफल्स का प्रशासनिक नियंत्रण गृह मंत्रालय के पास है और ऑपरेशनल कंट्रोल सेना के पास है.

(फोटो: पीटीआई)

दिल्ली हिंसा: जांच संबंधी जानकारी मीडिया में लीक करने पर पुलिस को हाईकोर्ट का नोटिस

दिल्ली हिंसा संबंधी मामले में गिरफ़्तार हुए जामिया के एक छात्र ने आरोप लगाया है कि पुलिस संवेदनशील जानकारी मीडिया को लीक कर रही है. उनकी याचिका पर हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस के साथ कुछ मीडिया संगठनों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है.