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राहुल गांधी का बयान उदयपुर हत्या से जोड़कर ‘झूठ’ फैलाने के लिए माफ़ी मांगे भाजपा: कांग्रेस

बीते एक जुलाई को समाचार चैनल ज़ी न्यूज़ ने अपने प्राइम टाइम शो ‘डीएनए’ में कांग्रेस नेता राहुल गांधी का एक बयान चलाकर कहा था कि वह उदयपुर हत्याकांड के आरोपियों को ‘बच्चा’ बता रहे हैं, जबकि उक्त बयान उन्होंने केरल के वायनाड में उनके कार्यालय में तोड़-फोड़ करने वाले एसएफआई कार्यकर्ताओं के संदर्भ में दिया था. इस मामले में ज़ी न्यूज के एंकर रोहित रंजन, भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राज्यवर्धन राठौड़, सेना के मेजर सुरेंद्र पूनिया और यूपी विधायक कमलेश सैनी समेत कई अन्य के ख़िलाफ़ जयपुर में केस दर्ज किया गया है.

New Delhi: Congress leader Jairam Ramesh addresses a press conference, in New Delhi on Monday, Sept 3, 2018. (PTI Photo/Kamal Singh) (PTI9_3_2018_000101B)

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा को इस संबंध में पत्र लिखकर ‘झूठ’ फैलाने के लिए अपने नेताओं की तरफ़ से माफी मांगने को कहा है. (फाइल फोटो: पीटीआई)

नई दिल्ली/जयपुर: कांग्रेस ने राहुल गांधी से जुड़े एक वीडियो को भारतीय जनता पार्टी के कुछ नेताओं द्वारा सोशल मीडिया पर साझा किए जाने के बाद शनिवार को कहा कि यह वीडियो ‘फर्जी खबर’ के रूप में फैलाया गया है और अगर भाजपा एवं उसके नेताओं ने इसके लिए माफी नहीं मांगी, तो उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी.

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा को पत्र लिखकर कहा है कि वह ‘झूठ’ फैलाने के लिए अपने नेताओं की तरफ से माफी मांगें.

दरअसल, बीते एक जुलाई को समाचार चैनल जी न्यूज के प्राइम टाइम शो डीएनए (DNA) ने गांधी का एक वीडियो प्रसारित किया था, जिसमें वह केरल के वायनाड में अपने निर्वाचन क्षेत्र के कार्यालय में तोड़फोड़ के बारे में बात करते नजर आते हैं, लेकिन चैनल ने इस वीडियो और उनके बयान को उदयपुर हत्याकांड पर उनका बयान बताकर चला दिया.

क्लिप चलाने से पहले एंकर रोहित रंजन ने कहा कि गांधी ने उदयपुर की हत्या पर चौंकाने वाली टिप्पणी की थी. रंजन ने कहा, ‘उदयपुर हत्याकांड के आरोपियों के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा था कि वे उनसे नाराज नहीं हैं.’

क्लिप में, गांधी देश में हिंसा के हालिया उदाहरणों का भी उल्लेख करते हैं और कहते हैं, ‘देश में यह माहौल सत्तारूढ़ सरकार द्वारा बनाया गया है.’

इसके ठीक बाद वीडियो क्लिप कट जाती है और गांधी कहते नजर आते हैं, ‘जिन बच्चों ने यह किया है… उन्होंने गैर-जिम्मेदाराना तरीके से काम किया है. मुझे उनके प्रति कोई गुस्सा या शत्रुता नहीं है… वे बच्चे हैं, मुझे नहीं लगता कि वे इस प्रकार की चीजों के परिणामों को समझते हैं.’

इस घटनाक्रम पर कांग्रेस का कहना है कि राहुल गांधी के संसदीय क्षेत्र वायनाड स्थित उनके कार्यालय पर एसएफआई के कार्यकर्ताओं द्वारा कथित तौर पर किए गए हमले के संदर्भ में उसके पूर्व अध्यक्ष ने एक टिप्पणी की, जिसे जी न्यूज चैनल ने उदयपुर की घटना से जोड़कर पेश कर दिया.

राहुल गांधी ने इसी प्रकरण की तरफ इशारा करते हुए ट्वीट किया, ‘दुष्प्रचार और झूठ ही भाजपा-आरएसएस की नींव है. देश को नफरत की आग में झोंककर हाथ सेंकने वाली भाजपा-आरएसएस का इतिहास पूरा हिंदुस्तान जानता है. ये देशद्रोही चाहे जितना तोड़ने का काम कर लें, कांग्रेस उससे ज्यादा भारत जोड़ने का काम करती रहेगी.’

नड्डा को लिखे पत्र में रमेश ने कहा, ‘मैं यह जानकर स्तब्ध हूं कि आपकी पार्टी के कुछ सहयोगियों ने जान-बूझकर एक चैनल पर कल (एक जुलाई को) प्रसारित हुई एक शरारतपूर्ण रिपोर्ट को साझा किया है.’

पत्र में कहा गया, ‘वास्तविक वीडियो में राहुल गांधी अपने वायनाड कार्यालय पर एसएफआई द्वारा की गई हिंसा के संबंध में टिप्पणी कर रहे थे, लेकिन चैनल द्वारा उसे जान-बूझकर और शरारतपूर्ण ढंग से काट-छांटकर इस प्रकार से प्रस्तुत किया गया, जैसे कि यह टिप्पणी उदयपुर में कन्हैया लाल की जघन्य हत्या के संबंध में थी.’

रमेश ने कहा, ‘इस बात को हमारी ओर से तुरंत सभी संबंधित लोगों के ध्यान में लाया गया कि यह रिपोर्ट नितांत झूठी है और भ्रम की स्थिति पैदा करने के लिए जानबूझकर इसे प्रसारित किया गया. वास्तव में, किसी भी अन्य चैनल ने इस क्लिप को इस प्रकार जान-बूझकर मनगढ़ंत और विकृत तरीके से प्रस्तुत नहीं किया.’

रमेश ने पत्र में कहा, ‘इससे भी बड़ी चिंता की बात यह है कि आपकी पार्टी के कई सहयोगियों- राज्यवर्धन राठौड़, सुब्रत पाठक, कमलेश सैनी, कई विधायक और अन्य लोगों ने बड़े उत्साहपूर्वक और कोई सत्यापन किए बिना जान-बूझकर इस मनगढ़ंत और विकृत रिपोर्ट को सोशल मीडिया पर प्रकाशित और साझा किया.’

उन्होंने कहा, ‘हमने पहले ही मूल प्रसारणकर्ता चैनल के विरुद्ध उचित कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है. हम आशा करते हैं कि आप और आपकी पार्टी के सहयोगी इस तरह के झूठ फैलाना बंद करेंगे और ऐसी हरकतों से बाज आएंगे. इसके अतिरिक्त, मुझे आशा है कि आप अपने उन सहयोगियों की ओर से तुरंत उचित माफीनामा जारी करेंगे, जिन्होंने सच्चाई का इस तरह से घोर अपमान किया है.’

कांग्रेस महासचिव ने चेतावनी दी, ‘अगर यह माफीनामा जारी नहीं किया जाता तो हम आपकी पार्टी और उसके उन नेताओं के विरुद्ध उचित कानूनी कार्रवाई करेंगे, जो इस तरह के गैर-जिम्मेदार और आपराधिक तरीके से सोशल मीडिया का दुरुपयोग करने पर जोर देते हैं.’

उधर, राठौड़ की ओर से ट्विटर पर राहुल गांधी से जुड़े इस वीडियो को साझा किए जाने पर माइक्रो-ब्लॉगिंग वेबसाइट ने इसे ‘फ्लैग’ करते हुए लिखा, ‘इस मीडिया को संदर्भ से हटकर पेश किया गया है.’

विवाद बढ़ने के बाद चैनल द्वारा बाद में माफीनामा जारी करने के साथ एंकर रोहित रंजन ने बीते शनिवार को कहा, ‘कल (एक जुलाई) हमारे शो डीएनए में राहुल गांधी के बयान को उदयपुर की घटना से जोड़कर गलत संदर्भ में प्रस्तुत किया गया, यह मानवीय भूल थी, जिसके लिए हमारी टीम माफी मांगती है.’

कांग्रेस के संचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने कहा कि भाजपा के जिन नेताओं ने राहुल गांधी का ‘फर्जी वीडियो’ डाला है, उन्हें देश के दौरे के लिए तैयार रहना चाहिए, क्योंकि उन्हें कई शहरों की अदालतों का चक्कर लगाना होगा.

शनिवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नोएडा सेक्टर 16-ए में स्थित फिल्म सिटी में जी न्यूज के मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन भी किया था.

प्रदर्शन के दौरान का वीडियो भारतीय युवा कांग्रेस के अध्यक्ष श्रीनिवासन बीवी ने अपने ट्विटर हैंडल से साझा करते हुए लिखा है कि देश की बर्बादी के लिए जिम्मेदार मोदी मीडिया के खिलाफ ये लड़ाई का ऐलान है.

इस दौरान जी न्यूज के दफ्तर के बाहर कांग्रेस नेता ओमवीर यादव के नेतृत्व में पार्टी के कई नेताओं ने विरोध प्रदर्शन किया. इस दौरान मौके पर पहुंची पुलिस ने 2 महिलाओं समेत 19 लोगों को हिरासत में ले लिया.

राहुल के बयान को उदयपुर की घटना से जोड़ने के आरोप में एफआईआर

इस बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी के वायनाड वाले बयान को उदयपुर की घटना से जोड़कर पेश किए जाने के मामले में जी न्यूज के एंकर रोहित रंजन, भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता राज्यवर्धन राठौड़, सेना के मेजर सुरेंद्र पूनिया और उत्तर प्रदेश के विधायक कमलेश सैनी समेत कई अन्य व्यक्तियों के खिलाफ शनिवार रात मामला दर्ज किया गया है.

राजस्थान की राजधानी जयपुर के बनीपार्क थाने में कांग्रेस नेता राम सिंह ने भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 504, 505, 153ए, 295ए, 120बी आईपीसी तथा आईटी एक्ट 2000 की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज करवाया गया है.

मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा चैनल की आलोचना करने के कुछ घंटों के बाद मामला दर्ज करवाया गया.

शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि एंकर रोहित रंजन ने अपने शो डीएनए में राहुल गांधी के एक बयान को गलत तरीके से प्रसारित किया. राहुल गांधी ने अपने निर्वाचन क्षेत्र केरल के वायनाड के कार्यालय में तोड़फोड़ के संदर्भ में बयान दिया था, जबकि इसे उदयपुर की घटना से जोड़ा गया. उदयपुर में एक दर्जी की दो मुस्लिम लोगों ने मंगलवार को चाकू से हमला कर नृशंस हत्या कर दी थी.

उन्होंने कहा कि मीडिया समूह द्वारा सांसद राज्यवर्धन राठौड़, सेना के मेजर सुरेंद्र पूनियां, कमलेश सैनी के साथ एक साजिश के तहत किया गया था. जिन्होंने राजनीतिक लाभ लेने और लोगों की भावनाओं को भड़काने के लिये क्लिप को ट्विटर पर साझा किया था.

गहलोत ने कहा, ‘राहुल गांधी ने उनके वायनाड स्थित ऑफिस में हुई तोड़फोड़ के आरोपियों के बारे में कहा था कि वे बच्चे हैं, उन्हें माफ कर देना चाहिए. लेकिन जी न्यूज ने चला दिया कि उदयपुर में जिन्होंने कत्ल किया है, उनके बारे में राहुल गांधी कह रहे हैं कि बच्चे हैं, इनको माफ कर देना चाहिए.’

(समाचार एजेंसी भाषा से इनपुट के साथ)