नई दिल्ली: हिंसा से जूझ रहे मणिपुर में कई महीनों बाद हत्या की एक और घटना सामने आई है. चूड़ाचांदपुर ज़िले में एक व्यक्ति का अपहरण कर गोली मारकर हत्या कर दी गई. घटना का कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.
द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, मृतक की पहचान मेईतेई समुदाय के मायंगलांबम ऋषिकांत सिंह के रूप में हुई है. उन्हें बुधवार (21 जनवरी) को चूड़ाचांदपुर ज़िले के तुइबोंग इलाके में स्थित उनके घर से उनकी कुकी पत्नी चिंग्नु हाओकिप के साथ अगवा कर लिया गया था.
सिंह की गोली मारकर हत्या कर दी गई, और उनकी पत्नी को छोड़ दिया गया. हत्या के कथित वीडियो में एक व्यक्ति जमीन पर बैठा हुआ, हाथ जोड़कर लोगों से गुहार लगाता दिखता है. हालांकि वे लोग वीडियो में नहीं दिख रहे हैं. इसके कुछ ही पलों बाद गोलियों की आवाज़ सुनाई देती है और उसका शव जमीन पर पड़ा नजर आता है.
पुलिस ने शव बरामद कर लिया है और स्वतः संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया गया है.
यह हत्या ऐसे समय में हुई है जब पहाड़ी राज्य में सरकार के संभावित गठन को लेकर अटकलें लगाई जा रही हैं. मणिपुर में पिछले साल 13 फरवरी से राष्ट्रपति शासन लागू है.
द न्यू इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट में कहा गया है कि इस हत्या में यूनाइटेड कुकी नेशनल आर्मी की संलिप्तता की आशंका जताई जा रही है, जिसने ‘सस्पेंशन ऑफ ऑपरेशंस’ (एसओओ) समझौते पर हस्ताक्षर नहीं किए हैं.
मालूम हो कि अब तक लगभग दो दर्जन कुकी उग्रवादी समूह मणिपुर सरकार और केंद्र सरकार के साथ त्रिपक्षीय एसओओ समझौते पर हस्ताक्षर कर चुके हैं.
बताया गया है कि सिंह ने शादी के बाद आदिवासी गिनमिनथांग नाम अपनाया था. ख़बरों के मुताबिक, वे नेपाल में काम करते थे और तीन दिन पहले ही घर लौटे थे. बताया गया है कि कुछ कुकी समूहों ने उन्हें अपनी कुकी पत्नी के साथ रहने की अनुमति दी थी.
गौरतलब है कि मई 2023 से मेईतेई और कुकी समुदायों के बीच जारी जातीय हिंसा में अब तक 260 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 60,000 से अधिक लोग विस्थापित हुए हैं.
