महाराष्ट्र: ‘शहरी नक्सलवाद’ पर पारित हुआ विधेयक, प्रतिरोध पर एक और प्रहार

महाराष्ट्र सरकार द्वारा पारित 'महाराष्ट्र विशेष सार्वजनिक सुरक्षा विधेयक' को लेकर कार्यकर्ताओं ने गहरी चिंता जताई है. उनका कहना है कि यह विधेयक ‘शहरी नक्सलवाद’ की आड़ में असहमति को अपराध घोषित करने का रास्ता खोलता है.

कर्नाटक: कांग्रेस की राजनीति में फंसा सांप्रदायिक हिंसा के पीड़ितों का मुआवज़ा

कर्नाटक में मंगलुरु के एक गांव में बीते मई में हुए सांप्रदायिक हमले में कलंदर शफी नाम के एक श्रमिक गंभीर रूप से घायल हुए और उनके सामने उनके दोस्त की हत्या कर दी गई. घटना के बाद से वे अपने गांव नहीं लौट सके और अब तक उन्हें कोई मुआवज़ा नहीं मिला. इस बारे में कांग्रेस सरकार की चुप्पी से नाराज़गी बढ़ रही है.

महाराष्ट्र: आतंकवाद के आरोपी साकिब नाचन का जेल में स्वास्थ्य बिगड़ा, हालत गंभीर

महाराष्ट्र के बोरीवली-पडघा गांव के रहने वाले और आतंकवाद के दोषी साकिब नाचन 2023 के अंत से तिहाड़ जेल में बंद हैं. 22 जून को वह जेल में अचानक अचेत होकर गिर पड़े. उनके वकील ने कहा कि इसके बाद उनकी मौत की 'झूठी' ख़बर फैलाई गई जिससे उनके गांव में उन्माद फैलाया जा सके.

छापेमारी और पुलिसिया घेराबंदी: किस तरह निगरानी में जी रहे हैं बोरीवली-पडघा के रहवासी

मुंबई से 55 किलोमीटर दूर बोरीवली-पडघा गांव में बार-बार होने वाली पुलिस छापेमारी और गिरफ़्तारियों ने आम लोगों की ज़िंदगी और बच्चों के बचपन को बुरी तरह प्रभावित किया है. स्थानीय लोग कहते हैं, मीडिया हमारी नहीं सुनता, सिर्फ पुलिस की बात दिखाता है.

2006 मुंबई ट्रेन धमाके: जो आरोपी सालों पहले जेल गए या बरी हुए, आज भी उनके परिजनों को ‘तंग’ करती है पुलिस

2006 मुंबई ट्रेन ब्लास्ट मामले में जिन लोगों को या तो दोषी ठहराया गया या अदालत ने बरी किया, उनके परिवारों को आज भी पुलिस की लगातार पूछताछ और निगरानी का सामना करना पड़ रहा है. बरी हो चुके लोग भी ख़ुद को राज्य की नज़र में अब तक अपराधी जैसा महसूस करते हैं.

नागपुर: फैज़ का ‘हम देखेंगे’ गाना ‘देशद्रोह’, कार्यक्रम में गाए जाने पर आयोजकों के ख़िलाफ़ केस दर्ज

कभी प्रतिरोध की आवाज़ के रूप में विख्यात फैज़ अहमद फैज़ का 'हम देखेंगे' गाने पर अब राजद्रोह का केस चलाया जा रहा है. पिछले हफ़्ते कार्यकर्ता वीरा साथीदार की याद में आयोजित कार्यक्रम में युवा कार्यकर्ताओं द्वारा इसे गाने पर नागपुर पुलिस ने आयोजकों और वक्ता पर राजद्रोह का मुक़दमा दर्ज किया है.

कभी भारत विरोधी, कभी आतंकी और माओवादी संगठनों से संबंध: कैसे बदला पत्रकार की हिरासत का आधार

बीते 7 मई को नागपुर पुलिस ने ऑपरेशन सिंदूर का विरोध करने के लिए केरल के 26 वर्षीय पत्रकार रेजाज एम. शीबा सिद्दीक को गिरफ्तार किया. तीन बार पुलिस रिमांड में लिए जाने के बाद, उनकी हिरासत के कारण लगातार बदलते रहे हैं. उन पर भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी), जम्मू कश्मीर लिबरेशन फ्रंट (जेकेएलएफ) और हिज़्बुल मुजाहिदीन सहित कई प्रतिबंधित संगठनों के साथ कथित संपर्क रखने का आरोप लगाए गए हैं.

मध्य प्रदेश: युवक की हिरासत में मौत के मामले में पुलिस को बचाने के लिए सरकार को कोर्ट की फटकार

सुप्रीम कोर्ट ने विमुक्त पारधी जनजाति के 24 वर्षीय देवा पारधी की हत्या में शामिल पुलिसकर्मियों को बचाने के लिए मध्य प्रदेश सरकार को कड़ी फटकार लगाई. जुलाई 2024 में देवा को उनकी शादी से पहले की रस्मों के दौरान घर से उठा लिया गया था. बाद में हिरासत में उनकी मौत हो गई थी.

एक क्रांतिकारी का सफ़र: माओवादी आंदोलन और गुमुडावेल्ली रेणुका

31 मार्च को दक्षिण छत्तीसगढ़ के बीजापुर ज़िले में पुलिस फायरिंग में गुमुडावेल्ली रेणुका की मौत हो गई. दंतेवाड़ा पुलिस ने इसे 'एनकाउंटर' बताया है, हालांकि इस इलाके में ऐसे दावों की सत्यता संदिग्ध ही रही है.

नागपुर हिंसा: सीएम ऑफिस से मंज़ूरी मिलने के बाद आरोपी का घर ढहाया गया

नागपुर हिंसा के संबंध में आरोपी फहीम खान के घर को प्रशासन ने ध्वस्त कर दिया. इस मामले की सुनवाई कर रहे बॉम्बे हाईकोर्ट ने प्रशासन को इस 'अत्याचार' के लिए फटकार लगाई और तुरंत ध्वस्तीकरण रोकने को कहा. अदालत के हस्तक्षेप के चलते दूसरे आरोपी शेख के घर को नहीं तोड़ा गया.

एनआईए ने बस्तर के सैन्यीकरण, न्यायेतर हत्याओं के आलोचक रघु मिड़ियामी को गिरफ़्तार किया

एनआईए ने छत्तीसगढ़ के मूल निवासी बचाओ मंच के संस्थापक सदस्यों में से एक रघु मिड़ियामी को बीते 27 फरवरी को प्रतिबंधित भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) संगठन से कथित जुड़ाव के लिए गिरफ़्तार किया है. मिड़ियामी सरकार से उसकी दमनकारी नीतियों के लिए सवाल पूछते रहे हैं.

महाराष्ट्र: ग्राम सभा ने अवैध रूप से मुस्लिम व्यापारियों के बहिष्कार का प्रस्ताव पारित किया

महाराष्ट्र के अहिल्यानगर में 700 साल पुराने कानिफनाथ मंदिर में सालाना मढ़ी मेले में देश भर से खानाबदोश समुदायों के लोग बड़ी संख्या में आते हैं. बीते दिनों मढ़ी गांव की ग्राम सभा में इस मेले से मुस्लिम व्यापारियों का बहिष्कार करने के प्रस्ताव पर दस्तख़त किए गए हैं.

मालेगांव: भाजपा नेता की अवैध ‘रोहिंग्या-बांग्लादेशी’ अफ़वाह के बाद एसआईटी ने मुस्लिमों को गिरफ़्तार किया

भाजपा नेता किरीट सोमैया ने मालेगांव ने 'अवैध बांग्लादेशी और रोहिंग्या प्रवासियों' के होने के दावे किए थे, जिसके बाद सरकार ने एसआईटी बनाकर जांच शुरू की. हालांकि, अब तक गिरफ़्तार लोगों पर 'अवैध अप्रवासी' होने का आरोप नहीं है, बल्कि वे कथित तौर पर दस्तावेज़ संबंधित धोखाधड़ी के लिए गिरफ़्तार किए गए हैं.

‘राजनीतिक क़ैदी’ कौन है? जाति और धर्म ही इसका जवाब हैं: रोना विल्सन

लंबे समय से कैदियों के अधिकारों के लिए आवाज़ उठाने वाले रोना विल्सन महाराष्ट्र की दो केंद्रीय जेलों- यरवदा और तलोजा में अपने साढ़े छह साल के अनुभवों के बाद मानते हैं कि भारतीय समाज ने औपनिवेशिक काल से पहले और उसके बाद केवल जन्म के आधार पर अलग 'अपराधी श्रेणी' बनाई गई है.

रिहाई के बाद सुधीर धवले ने कहा- काम जारी रहेगा…

एल्गार परिषद मामले में गिरफ़्तार लोगों में से एक सुधीर धवले 2,424 दिनों की कैद के बाद रिहा होने वाले नौवें व्यक्ति हैं. पिछले डेढ़ दशक में कांग्रेस-भाजपा, दोनों सरकारों में 10 साल से अधिक समय तक जेल में रहने के बाद धवले कहते हैं कि दोनों के शासन में बहुत अंतर नहीं है. दोनों ने हर तरह की असहमति को बहुत हिंसक तरीके से दबाया है.

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