उत्तराखंड के कोटद्वार में बीते दिनों एक मुस्लिम दुकानदार को हिंदुत्व समर्थकों द्वारा दुकान का नाम बदलने के लिए परेशान किया जा रहा था, जब दीपक कुमार नाम के एक शख़्स ने उनका विरोध किया. इसके बाद बड़ी संख्या में दक्षिणपंथी संगठनों के लोग दीपक के जिम पर प्रदर्शन करने पहुंचे थे. अब पुलिस ने दीपक के ख़िलाफ़ ही एफआईआर दर्ज की है.
सरकार की कुल आय में आयकर (व्यक्तिगत कर) की हिस्सेदारी 21% है, जो कॉरपोरेट कर (18%) से अधिक है. दस्तावेज़ के मुताबिक, 2026-27 के लिए कॉरपोरेट टैक्स का बजट अनुमान 12,31,000 करोड़ रुपये है, जबकि आयकर से प्राप्ति का अनुमान 14,66,000 करोड़ रुपये रखा गया है.
केंद्रीय बजट 2026-27 के दस्तावेज़ों से पता चला है कि पिछले वित्त वर्ष में केंद्र सरकार ने सामाजिक क्षेत्र में वादे के मुताबिक़ धनराशि ख़र्च नहीं की है. इससे पहले सरकार की प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं के लिए अपर्याप्त धनराशि आवंटित न करने को लेकर व्यापक आलोचना देखने को मिली थी.
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा के मुसलमानों पर दिए गए बयानों को सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश मदन लोकुर और इलाहाबाद हाईकोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश गोविंद माथुर ने असंवैधानिक बताया है. सामाजिक कार्यकर्ता हर्ष मंदर ने हौज़ ख़ास पुलिस थाने में शिकायत कर, एफआईआर दर्ज करने की मांग है.
देश में प्रदूषण लोगों के जीवन और आजीविका के लिए एक बड़ा संकट बनकर उभरा है. प्रदूषण नियंत्रण मद के अंतर्गत इस वित्तीय वर्ष के लिए अनुमानित संशोधित राशि 1,300 करोड़ रुपये है. लेकिन बजट में संशोधित अनुमान से भी कम केवल 1,091 करोड़ रुपये ही आवंटित किए गए हैं. जबकि पिछले वर्ष इसके लिए मात्र 854 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे.
वित्त मंत्री सीतारमण का बजट भाषण लगभग डेढ़ घंटे का था. विपक्ष ने इसे अपारदर्शी बताते हुए कहा कि इसमें प्रमुख कार्यक्रमों और योजनाओं के लिए बजटीय आवंटन के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई.
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यूपी ज़िला पुलिस प्रमुखों को चेताते हुए कहा कि अगर सुप्रीम कोर्ट के एनकाउंटर संबंधी दिशानिर्देशों का सख़्ती से पालन नहीं हुआ, तो उनके ख़िलाफ़ अवमानना कार्रवाई की जाएगी. कोर्ट ने जोड़ा कि पुलिसकर्मी अक्सर आरोपियों के पैरों में गोली मारकर उन्हें घायल कर देते हैं ताकि 'सोशल मीडिया पर प्रसिद्धि' या समय से पहले पदोन्नति मिल सके, पर दंड देना न्यायपालिका का काम है.
आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 में आरटीआई कानून की दोबारा समीक्षा की सिफारिश की गई है. इसमें नीतिगत चर्चाओं, ड्राफ्ट दस्तावेजों और नौकरशाहों के सेवा रिकॉर्ड को सार्वजनिक दायरे से बाहर रखने तथा मंत्रियों को जानकारी रोकने का वीटो देने का सुझाव दिया गया है. कांग्रेस ने सरकार पर आरटीआई एक्ट को कमजोर करने का आरोप लगाया है.
गौतम अडानी और सागर अडानी ने अमेरिका के सिक्योरिटीज़ एंड एक्सचेंज कमीशन (एसईसी) के कानूनी समन को अपने अमेरिकी वकीलों के माध्यम से स्वीकार करने पर सहमति दे दी है. इसके साथ ही भारत सरकार की आपत्तियों के कारण 14 महीनों से अटकी समन प्रक्रिया समाप्त हो गई है. अब अदालत में आगे की कार्रवाई का रास्ता साफ हो गया है.
गुजरात के सूरत के सलाबतपुरा इलाके में भाजपा कारपोरेटर पर फॉर्म-7 का दुरुपयोग कर सैकड़ों मुस्लिम मतदाताओं को ‘मृत’ घोषित कर नाम कटवाने का आरोप लगा है. स्थानीय लोगों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कर कार्रवाई और जांच की मांग की है.
केंद्र सरकार ने वायु और जल प्रदूषण कानूनों के तहत उद्योगों को दी जाने वाली मंज़ूरी की प्रक्रिया आसान कर दी है. संशोधनों से बार-बार नवीनीकरण और नियमित निरीक्षण की बाध्यता कम होगी, जिसका फायदा उठाकर उद्योग प्रदूषण बढ़ा सकते हैं. पर्यावरणविदों ने कमजोर निगरानी और प्रवर्तन पर गंभीर सवाल उठाए हैं.
लद्दाख के जलवायु कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने सुप्रीम कोर्ट में दलील दी है कि वे सरकार की आलोचना कर सकते हैं और सरकार की कार्रवाई या निष्क्रियता के ख़िलाफ़ विरोध को न तो राष्ट्र विरोधी कहा जा सकता है और न ही राज्य विरोधी. उन्होंने जोड़ा कि वे शांतिपूर्ण मार्चों और प्रदर्शनों के माध्यम से अपनी असहमति व्यक्त कर सकते हैं.
जनगणना 2027 के दौरान पहली बार सरकारी अधिकारियों की मदद के लिए निजी तकनीकी कर्मियों को नियुक्त किया जाएगा. इसके साथ ही, आबादी से जुड़ा डेटा इकट्ठा करने और उसे संभालने के लिए मोबाइल ऐप का भी इस्तेमाल किया जाएगा. निजी तकनीकी कर्मियों की भर्ती केवल आउटसोर्सिंग एजेंसियों के जरिए की जाएगी और सभी भुगतान इन्हीं एजेंसियों के माध्यम से होंगे.
पीएम मोदी की घाना यात्रा: पहले सरकारी ख़र्च से इनकार के बाद मंत्रालय ने स्वीकारा- 4.69 करोड़ ख़र्चे गए
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की जुलाई 2025 में की गई घाना यात्रा पर हुए ख़र्च को लेकर विदेश मंत्रालय ने 63 दिनों में अपना रुख़ बदल दिया. पहले ‘राजकीय अतिथि’ का हवाला देकर कोई पैसा ख़र्च होने से इनकार किया गया था, मगर फिर एक आरटीआई अपील के बाद मंत्रालय ने स्वीकार किया कि इस यात्रा पर 4.69 करोड़ रुपये ख़र्च हुआ था.
बीते कुछ समय में उत्तराखंड कश्मीरी शॉल विक्रेताओं पर हमलों का विशेष केंद्र बनकर उभरा है और हिमाचल प्रदेश में भी इसी तरह के हमले दर्ज किए गए हैं. ताज़ा मामला कुपवाड़ा ज़िले के निवासी दानिश गनई और उनके भाई तबिश राशिद पर हुए हमला का है, जिसमें राशिद को सिर पर गंभीर चोटें आई हैं.