Poisonous gas

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

गुजरात: सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान ज़हरीली गैस से दम घुटने से दो की मौत

गुजरात के भरूच ज़िले का मामला है. तीन श्रमिक टैंक के अंदर द्रव से ठोस अपशिष्ट अलग कर रहे थे, तब यह घटना घटी. वे ज़हरीली गैस के कारण अचानक बेहोश हो गए.

Mehsana

गुजरात: रासायनिक संयंत्र में ज़हरीली गैस निकलने से तीन श्रमिकों की मौत

मेहसाणा ज़िले का मामला. पुलिस ने बताया कि श्रमिक तरल सोडियम ब्रोमाइड को एक टैंक में भर रहे थे, तब ज़हरीली गैस का रिसाव हुआ. कारखाने के मालिक और उनके कारोबारी साथी के ख़िलाफ़ एफआईर दर्ज की गई है.

(फोटो साभार: एएनआई)

ओडिशा: राउरकेला स्टील प्लांट में गैस रिसाव से चार श्रमिकों की मौत, जांच के आदेश

स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया द्वारा संचालित राउरकेला के इस प्लांट में यह हादसा बुधवार को हुआ, जिसके बाद दो अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है. अधिकारियों में बताया कि शुरुआती जांच के हिसाब से श्रमिकों की मौत इकाई में कार्बन मोनोक्साइड के रिसाव की वजह से हुई.

(फाइल फोटो: पीटीआई)

कोविड-19 से भोपाल गैस त्रासदी के 254 पीड़ितों की मौत, डाव केमिकल अतिरिक्त मुआवजा दे: संगठन

गैस पीड़ितों के लिए काम कर रहे संगठनों ने कहा कि भोपाल में कोविड-19 से त्रासदी पीड़ितों की मृत्यु दर अन्य लोगों से करीब 6.5 गुना ज्यादा है. हालांकि भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास निदेशक ने इस दावे को ख़ारिज किया है.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

दिल्ली: सेप्टिक टैंक सफाई के दौरान ज़हरीली गैस की चपेट में आने से दो मज़दूरों की मौत

यह घटना उत्तर पश्चिम दिल्ली के आज़ादपुर इलाके में हुई. पुलिस ने बताया कि मज़दूर सुरक्षा उपकरण नहीं पहने अंदर गए थे. फैक्टरी मालिक और ठेकेदार के ख़िलाफ़ मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ़्तार कर लिया गया है.

(प्रतीकात्मक तस्वीर: रॉयटर्स)

उत्तर प्रदेश: बछड़े को निकालने के लिए कुएं में उतरे पांच लोगों की ज़हरीली गैस से मौत

उत्तर प्रदेश के गोंडा ज़िले की शहर कोतवाली स्थित महाराजगंज मोहल्ले का मामला. पांच मृतकों में से चार एक ही परिवार के सदस्य थे.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

हिमाचल प्रदेश: सेप्टिक टैंक में उतरे दो श्रमिकों की ज़हरीली गैस से मौत

घटना हमीरपुर ज़िले की है. दो श्रमिक कई दिनों से बंद शटरिंग खोलने के लिए सेप्टिक टैंक में उतरे थे. कुछ देर बाद एक अन्य मज़दूर के अंदर झांककर देखने पर वे दोनों अचेत मिले. अस्पताल ले जाने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया गया.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

झारखंड के गढ़वा में सेप्टिक टैंक की ज़हरीली गैस से तीन मज़दूरों की मौत

घटना गढ़वा शहर के पिपराकला इलाके का है. घटना से आक्रोशित लोगों ने मुआवज़े की मांग को लेकर सदर अस्पताल के सामने तीनों मज़दूरों के शव के साथ एनएच-75 को लगभग एक घंटे तक जाम कर दिया था.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

तमिलनाडु: सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान चार युवकों की मौत, मकान मालिक के ख़िलाफ़ केस दर्ज

तमिलनाडु के तुथुकुडी ज़िले के एक गांव का मामला. मृतकों में से तीन पहले भी मैनुअल स्कैवेंजर्स के रूप में काम किया था, लेकिन चौथे मृतक इसलिए काम पर गए थे, क्योंकि कोरोना वायरस महामारी कारण उन्हें दिहाड़ी मज़दूरी का काम नहीं मिल पा रहा था.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

बिहार: सेप्टिक टैंक में दम घुटने से एक ही परिवार के चार लोगों की मौत

बिहार के मुज़फ़्फ़रपुर ज़िले में हुई घटना. छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव ज़िले में हुई एक अन्य घटना में जहरीली गैस के रिसाव की वजह से कुएं में दो ग्रामीणों की मौत हो गई.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

गुड़गांव: ऑटोमोबाइल कंपनी में सेप्टिक टैंक की सफाई के दौरान दो लोगों की मौत

तीसरे व्यक्ति की हालत बहुत गंभीर है और उनका इलाज चल रहा है. अभी इस मामले में केस दर्ज किया जाना बाकी है.

महाराष्ट्र के कल्याण स्थित कुंआ. (फोटो साभार: एएनआई)

महाराष्ट्र: कुएं की सफाई के दौरान दो दमकलकर्मियों समेत पांच लोगों की मौत

पुलिस अधिकारी ने बताया कि कुएं में रासायनिक अपशिष्ट जमा हो रहा था, जिसे साफ करने के लिए तीन सफाई कर्मचारी उतरे थे, जिनके वापस न लौटने पर दो दमकलकर्मी भी कुएं में उतरे लेकिन कोई वापस नहीं लौटा.

दिल्ली के मोतीनगर में स्थित डीएलएफ कैपिटल ग्रीन्स (फोटो: संतोषी मरकाम/द वायर)

डीएलएफ कैपिटल ग्रीन्स: ‘उन्हें सीवर में जबरन उतारा गया, हादसे के बाद किसी ने ख़बर तक नहीं दी’

ग्राउंड रिपोर्ट: पश्चिम दिल्ली के मोती नगर इलाके में स्थित डीएलएफ कॉम्प्लेक्स में सीवेज टैंक साफ करते समय दम घुटने की वजह से पांच लोगों की मौत हो गई थी. मृतकों के परिजनों का आरोप है कि हाउसकीपिंग के लिए रखे गए कर्मचारियों को टैंकों की सफाई के लिए मजबूर किया गया था.

​​(प्रतीकात्मक फोटो: पीटीआई)

सेप्टिक टैंक में दम घुटने से छत्तीसगढ़ में पांच और दिल्ली में एक की मौत

छत्तीसगढ़ के जशपुर ज़िले में हुए हादसे में मकान मालिक की पत्नी की भी मौत, वहीं दिल्ली में सीवर में गिरे 27 वर्षीय युवक की मौत. हाल ही में दिल्ली के मोती नगर स्थित डीएलएफ की कैपिटल ग्रीन्स सोसाइटी में भी सफाई के दौरान पांच लोगों की मौत हो गई थी.

(फोटो साभार: फेसबुक/Dlf Capital Greens Moti Nagar)

दिल्ली: डीएलएफ कॉम्प्लेक्स में सीवर साफ करते समय दम घुटने से पांच लोगों की मौत

नई दिल्ली के मोती नगर की घटना. प्रत्यक्षदर्शियों का आरोप है कि मैनेजमेंट ने हाउसकीपिंग के लिए रखे गए कर्मचारियों को टैंकों की सफाई के लिए मजबूर किया गया था. कार्रवाई की मांग को लेकर मृतकों के परिजनों ने किया प्रदर्शन.