Right to Education Act

शिक्षा बजट में लगातार होती कटौती निजीकरण की सरकारी मंशा दर्शाती है

शिक्षाविद और नीति-निर्माता उम्मीद कर रहे थे कि शिक्षा के क्षेत्र में सरकार कुछ अहम क़दम उठाएगी क्योंकि लाखों छात्रों ने कोरोना महामारी के चलते अपनी शिक्षा के अहम वर्षों का नुकसान उठाया है, हालांकि बजट से उन सभी को निराशा हुई है.

अल्पसंख्यक स्कूलों में इस समुदाय के आठ फीसदी से भी कम बच्चे पढ़ रहे: एनसीपीसीआर

राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग (एनसीपीसीआर) ने इस संदर्भ में अल्पसंख्यक स्कूलों में अल्पसंख्यक समुदायों के छात्रों के लिए आरक्षण की सिफ़ारिश की है. इसके अलावा उन्होंने इन स्कूलों को शिक्षा के अधिकार और सर्व शिक्षा अभियान के दायरे में लाने की मांग की है.

Allahabad: Children attend a class at a Government school on the occasion of 'World Literacy Day', in Allahabad, Saturday, Sept 8, 2018. (PTI Photo) (PTI9_8_2018_000090B)

बिहार के स्कूलों में सबसे खराब शिक्षक-छात्र अनुपातः एचआरडी मंत्रालय

बिहार में 38 छात्रों के मुकाबले एक शिक्षक है जबकि दूसरे स्थान पर दिल्ली है, यहां 35 छात्रों पर एक शिक्षक है. सबसे बेहतर स्थिति सिक्किम की है, जहां चार छात्रों पर एक शिक्षक है.

क्या सचमुच ‘भूतों’ के पेट में जा रहा है मिड डे मील?

आधार के समर्थन में आई कुछ मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया कि लाखों ‘छात्रों के भूत’ मिड डे मील का लाभ उठा रहे हैं. ये दावे न तो प्रमाणिक हैं, न गंभीर जांच पर आधारित हैं.