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जम्मू-कश्मीर: आतंकियों से कथित संबंध के मामले में प्रोफेसर-पुलिसकर्मी और शिक्षक बर्ख़ास्त

बर्खास्त किए गए लोगों में कश्मीर विश्वविद्यालय के रसायन विज्ञान विभाग का प्रोफेसर अल्ताफ़ हुसैन पंडित, सरकारी शिक्षक मोहम्मद मक़बूल हाज़म और एक पुलिसकर्मी गुलाम रसूल शामिल हैं. संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के तहत गठित समिति की सिफारिश पर तीनों को बर्ख़ास्त किया गया. यह राज्य की सुरक्षा के हित में बिना जांच किए ही किसी व्यक्ति को बर्ख़ास्त करने की अनुमति देता है.

हर विश्वविद्यालय में उन्मादी छात्र होते हैं, जेएनयू भी अलग नहीं है: कुलपति शांतिश्री धुलिपुड़ी पंडित

जेएनयू की कुलपति शांतिश्री धुलिपुड़ी पंडित ने एक साक्षात्कार में कहा कि वे विश्वविद्यालय की राष्ट्रविरोधी छवि बदलना चाहती हैं. साथ ही, उन्होंने कहा कि हम करदाताओं के पैसे पर निर्भर हैं और बहुत सारे लोग चाहते हैं कि ‘जेएनयू बंद करो’, पिछले प्रशासन के दौरान घटीं दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं के बाद बहुत ज्यादा घृणा है.

महंगाई को काबू में लाने के लिए नीतिगत दर बढ़ाना ‘राष्ट्र विरोधी क़दम’ नहीं: रघुराम राजन

आरबीआई के पूर्व गर्वनर रघुराम राजन ने स्वीकार किया जब प्रमुख ब्याज दर यानी नीतिगत दर बढ़ानी पड़ती है, कोई भी खुश नहीं होता. उन्होंने राजनेताओं और नौकरशाहों को यह समझने के लिए कहा कि यह उपाय कोई ‘राष्ट्र विरोधी गतिविधि नहीं’, जो विदेशी निवेशकों को लाभांवित करेगा, बल्कि एक निवेश है, ‘जिसका सबसे बड़ा लाभार्थी भारतीय नागरिक है’.

यूपी: पाकिस्तान की जीत का जश्न मनाने के आरोपी कश्मीरी छात्रों को पांच महीने बाद ज़मानत

पिछले साल अक्टूबर में टी-20 विश्व कप क्रिकेट मैच में पाकिस्तान के ख़िलाफ़ भारत की हार हो गई थी. आरोप है कि आगरा के एक इंजीनियरिंग कॉलेज में पढ़ाई कर रहे तीनों कश्मीरी छात्रों ने पाकिस्तान के समर्थन में नारेबाज़ी की थी. उनके ख़िलाफ़ राष्ट्रद्रोह, साइबर आतंकवाद और सामाजिक द्वेष फैलाने की धाराओं में मुक़दमा दर्ज हुआ था. तब से वे जेल में बंद हैं.

हिजाब विवाद: भाजपा नेता बोले- याचिकाकर्ता लड़कियां आतंकी संगठन की सदस्य

भाजपा के ओबीसी मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव और उडुपी गवर्नमेंट पीयू कॉलेज डेवलपमेंट कमेटी के उपाध्यक्ष यशपाल सुवर्णा ने कहा कि लड़कियों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि वे विद्यार्थी नहीं बल्कि आतंकवादी संगठन की सदस्य हैं. हाईकोर्ट के निर्णय के ख़िलाफ़ बयान देकर वे विद्वान जजों की अवहेलना कर रही हैं.

केंद्र सरकार ने संसद में बताया- क़ानूनों के तहत एंटी-नेशनल शब्द परिभाषित नहीं

केंद्रीय गृहराज्य मंत्री नित्यानंद राय ने एआईएमआईएम सांसद असदुद्दीन ओवैसी के सवाल के जवाब में यह जानकारी दी. ओवैसी ने बीते तीन साल में राष्ट्र विरोधी गतिविधियों में शामिल लोगों की संख्या भी पूछी थी, जिसके जवाब में कहा गया कि सार्वजनिक व्यवस्था और पुलिस राज्य के विषय हैं, ऐसी गतिविधियों में गिरफ़्तार लोगों के आंकड़े केंद्र सरकार के स्तर पर नहीं रखे जाते.

भारत में कार्यकर्ताओं पर हमलों के ख़िलाफ़ साथ आए वैश्विक समूह बोले- आवाज़ उठाना एंटी-नेशनल नहीं

दुनियाभर के 15 से अधिक देशों के भारतीय प्रवासियों और 30 अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार समूह भारत में मानवाधिकारों पर बढ़ रहे हमलों की निंदा की. इन समूहों ने उन क़ानूनों को रद्द करने की वकालत की, जो मानवाधिकार रक्षा का अपराधीकरण कर रहे हैं और देश के मानवाधिकार कार्यकर्ताओं को जेल में डाल रहे हैं.

भाजपा केंद्र से सवाल पूछने वालों को राष्ट्रविरोधी क़रार दे देती है: तेलंगाना के मुख्यमंत्री

तेलंगाना के मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव ने भाजपा नेताओं को धमकी दी है कि अगर उन्होंने उनकी आलोचना करने के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल बंद नहीं किया तो वह उनकी ज़बान काट देंगे.

जम्मू कश्मीर: सैयद अली शाह गिलानी के पोते और एक स्कूली शिक्षक बर्ख़ास्त

जम्मू कश्मीर सरकार ने इन लोगों पर आतंकवादियों के साथ संबंध रखने का आरोप लगाया है. उपराज्यपाल द्वारा इनकी बर्ख़ास्तगी संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के तहत की गई है. संविधान के इस प्रावधान के अनुसार सरकार को बिना जांच के ही संबंधित अधिकारी को बर्ख़ास्त करने का अधिकार मिला हुआ है.

जम्मू कश्मीर: जांच को दरकिनार करने वाले क़ानून के तहत छह सरकारी कर्मचारी बर्ख़ास्त

जम्मू कश्मीर प्रशासन ने इन लोगों पर आतंकवादियों के साथ संबंध रखने का आरोप लगाया है. इनकी बर्ख़ास्तगी उस कमेटी द्वारा की गई है, जिसका गठन संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के तहत किया गया है. इस कमेटी के पास बिना जांच के ही संबंधित अधिकारी को बर्ख़ास्त करने का अधिकार होता है.

केरल यूनिवर्सिटी ने शिक्षकों को चेताया, कहा- राष्ट्रविरोधी भाषण देंगे तो होगी कार्रवाई

इस संबंध में केरल यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार राजेंद्र पिलंकट्टा ने दो सितंबर को सर्कुलर जारी किया. यह क़दम राजनीतिक विज्ञान के सहायक प्रोफेसर गिल्बर्ट सेबेस्टियन के निलंबन के बाद आया है. गिल्बर्ट ने दक्षिणपंथी संगठन आरएसएस और नरेंद्र मोदी सरकार के तहत संगठनों को फासीवाद की ओर अग्रसर बताया था.

एमपी: एबीवीपी के विरोध और पुलिस चेतावनी के बाद वेबिनार के आयोजन से पीछे हटा विश्वविद्यालय

मध्य प्रदेश के सागर शहर स्थित डॉ. हरिसिंह गौर विश्वविद्यालय का मामला. विश्वविद्यालय का मानव विज्ञान विभाग, अमेरिका के एक विश्वविद्यालय के साथ 30 और 31 जुलाई को एक वेबिनार की मेज़बानी करने वाला था. एबीवीपी ने वेबिनार में वक्ता के तौर पर पूर्व वैज्ञानिक गा़ैहर रज़ा और प्रोफे़सर अपूर्वानंद को शामिल किए जाने का विरोध किया था, जिसके बाद पुलिस ने विश्वविद्यालय को एक पत्र लिखा था.

कश्मीरः किशोर न्याय बोर्ड ने यूएपीए के तहत आरोपी नाबालिग को ज़मानत दी, कहा- अपराध जघन्य नहीं

28 मई को बुम्हामा के एक युवक की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई थी. पुलिस का कहना है कि उनके जनाज़े में राष्ट्रविरोधी नारे लगाए गए थे, जिसके बाद पुलिस ने किशोर सहित आठ लोगों के ख़िलाफ़ यूएपीए के तहत मामला दर्ज किया था.

Srinagar: Policemen patrolling at Lal Chowk after restrictions were lifted, in Srinagar, Tuesday, Aug. 20, 2019. Barricades around the Clock Tower in Srinagar's city centre Lal Chowk were removed after 15 days, allowing the movement of people and traffic in the commercial hub, as restrictions eased in several localities while continuing in others. (PTI Photo/S. Irfan)(PTI8_20_2019_000114B)

जम्मू कश्मीर: क्या है नई टास्क फोर्स, जो सरकारी कर्मचारियों को बिना जांच बर्ख़ास्त कर सकती है

केंद्र शासित जम्मू कश्मीर प्रशासन ने ‘राज्य की सुरक्षा’ के ख़िलाफ़ संदिग्ध गतिविधियों वाले सरकारी कर्मचारियों के मामलों की जांच के लिए एक विशेष टास्क फोर्स का गठन किया है. संविधान के अनुच्छेद 311 (2)(सी) के अंतर्गत पारित इस आदेश के तहत सरकार को हक़ है कि वो बिना जांच समिति का गठन किए किसी भी कर्मचारी को बर्ख़ास्त कर दे.

असहमति का अधिकार लोकतंत्र की विशेषता, सरकार की आलोचना होनी चाहिए: सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज

सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस दीपक गुप्ता ने एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि यदि कोई पार्टी सत्ता में आ जाती है तो वो आलोचनाओं से परे नहीं रह सकती है. असहमति का अधिकार ऐसी आलोचनाओं की इजाज़त देता है.