कभी-कभार | अशोक वाजपेयी: काशी, जैसा कि बहुत सारा भारत भी, अपनी प्रश्नवाचकता, अपनी बौद्धिक और सर्जनात्मक निर्भीकता और नवाचार से विरत-विपथ हो रहा है. प्रश्नाकुल पांडित्य, निर्भीक विद्वत्ता, उदग्र चिंतन की, सजग और विपथगामी सर्जनात्मकता की काशी अब दिखाई नहीं पड़ती- हो सकता है कि अंतःसलिल हो गई हो.
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अदालत ने इसे गैर-इस्लामिक बताते हुए सार्वजनिक जगहों पर जश्न पर लगाई रोक. इलेक्ट्रॉनिक मीडिया और सोशल मीडिया पर भी पाबंदी
चुनाव आयोग एक्जिट पोल छापने के मामले में हुआ सख्त, सभी 15 जिलों में दर्ज होगी प्राथमिकी
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में कई नेताओं की पत्नियों ने मोर्चा संभालकर उनकी राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने में लगी हुई हैं.
भारत में हिंदी भाषा के सबसे ज्यादा पढ़ा जाने वाले अखबार और विशाल मीडिया समूह दैनिक जागरण ने उत्तर प्रदेश चुनाव में आचार संहिता का उल्लंघन किया है.
अमेरिका में पाकिस्तान के एक पूर्व राजदूत हुसैन हक्कानी ने इस्लामाबाद की कश्मीर नीति पर गंभीर सवाल उठाए हैं.
फ़ैज़ ऐसे शायर हैं जो सीमाओं का अतिक्रमण करके न सिर्फ़ भारत-पाकिस्तान, बल्कि पूरी दुनिया के काव्य-प्रेमियों को जोड़ते हैं. वे प्रेम, इंसानियत, संघर्ष, पीड़ा और क्रांति को एक सूत्र में पिरोने वाले अनूठे शायर हैं.
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